23 अक्तूबर को डिस्ट्रिक्ट बार एसोसिएशन के प्रेसिडेंट को मिले धमकी भरे पत्र में पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट और जिला अदालत को 29 अक्तूबर को उड़ाने की धमकी दी गई थी। इस धमकी को लेकर चंडीगढ़ पुलिस पूरी तरह से मुस्तैद है। दोनों कोर्ट परिसर के बाहर बड़ी संख्या में पुलिस फोर्स की तैनाती कर दी गई है। इसके अलावा वहां से गुजरने वाले वाहनों की सघन चेकिंग के साथ साथ चालकों से पुलिस पूछताछ भी कर रही है।
साथ ही जिला अदालत परिसर के सामने स्थित सेक्टर-43 के बस अड्डे पर भी पुलिस ने चेकिंग अभियान चलाया। इस दौरान डॉग स्क्वाड ने भी वाहनों और यात्रियों के सामानों की चेकिंग की। हालांकि पुलिस अब तक धमकी भरा पत्र भेजने वाले का सुराग नहीं लगा सकी है। मामले में पुलिस के आला अधिकारियों का कहना है कि धमकी को लेकर किसी भी तरह की लापरवाही नहीं बरती जा रही है। पत्र भेजने वाले की पहचान में भी पुलिस जुटी हुई है।
आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद के नाम से भेजे गए धमकी भरे पत्र में पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट और जिला अदालत को उड़ाने की धमकी से कोर्ट परिसर में भी सनसनी फैली हुई है। पत्र मिलते ही डिस्ट्रिक्ट बार एसोसिएशन के प्रेसिडेंट एनके नंदा ने मामले की सूचना पुलिस को दी थी। पुलिस ने पत्र को कब्जे में लेकर मामले की छानबीन शुरू कर दी थी। लेकिन हैरानी की बात है कि इतने दिन बीत जाने के बावजूद अब तक आरोपी का पता नहीं चल सका है। एनके नंदा ने बताया था कि बीते बुधवार स्पीड पोस्ट से एक पत्र मिला। लिफाफा खोलकर देखा तो वह दंग रह गए। पत्र में जिला अदालत के साथ ही पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी दी गई थी।