माई सिटी रिपोर्टर
पंचकूला। हरियाणा शब्दाक्षर ने सोमवार को सेक्टर-15 के पार्क में कवि सम्मलेन आयोजित किया। सम्मेलन में प्रदेश सचिव संदीप भगवाड़िया की ओजस्वी कविता- राहों में थे कांटे घने, पत्थर भी थे बहुत सारे, साहस था बढ़ जाने का, हमने छूने थे तारे...सुनाकर सबका दिल जीत लिया। इससे पहले इसमें हरियाणा शब्दाक्षर के प्रदेश अध्यक्ष बलवान सिंह मानव ने अपनी कविता सुनाकर सभी का आशीर्वाद लिया। उन्होंने -जैसे ही तनहाई में रो लेता हूं मैं, अश्कों को धो लेता हूं मैं, छिपाता आंसू पीछे खुशी के, अश्कों से नेत्र धो लेता हूं मैं... कविता सुनाई।
प्रदेश साहित्य मंत्री अनीता नरवाल ने अपने हरियाणवी गीत से सभी का दिल जीत लिया- सखि ए! मैं बी झूलूंगी, सखि! मन्न बी झूलण दे...। पूर्व प्रदेश सचिव शिव कुमारी ने- हूं, बहुत दूर से आयी, शब्दाक्षर से ही प्रीत लगाई...कविता सुनाई। जिला संगठन मंत्री विरेंद्र राय ने प्रेमचंद जी को याद कर- एक दिन प्रेमचंद के होरी से मेरा हो गया सामना...सुनाकर वाहवाही लूटी। शब्दाक्षर सदस्य सर्वेश शायर ने-हर राज, हर वो बात, हकीकत समझ गये, जबसे कमाने हम शहर से निकल गए...सुनाई।
आगरा से पधारे शब्दाक्षर जिलाध्यक्ष आगरा नवल भदौरिया ने बहुत सुंदर रचना प्रस्तुत कर सभी का आशीर्वाद लिया। सम्मेलन राष्ट्रीय अध्यक्ष रवि प्रताप सिंह के निर्देशन और प्रदेश अध्यक्ष बलवान सिंह मान की अध्यक्षता में आयोजित किया गया। मंच का संचालन हरियाणा प्रदेश साहित्य मंत्री अनीता नरवाल ने किया। विशिष्ट अतिथि के रूप में पंचकूला की सरकारी अधिकारी मोनिका खनगवाल उपस्थित रहीं। कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती की वंदना के साथ हुआ।