मोरनी। इलाके की सबसे बड़ी मांधना पंचायत के चौधरी वाले बास में रहने वाले ग्रामीण बंदरों के आतंक के साए में जी रहे हैं। आए दिन बंदर लोगों को अपना शिकार बना रहे हैं। ऐसे ही दो मामले सोमवार को भी सामने आए। इसमें घर में बैठे दो युवकों को बंदरों ने अपना शिकार बनाया। यशपाल शर्मा और अनीश शर्मा को बंदरों ने काटा। गंभीर अवस्था में दोनों युवकों को अस्पताल में उपचार के लिए ले जाया गया। जानकारी अनुसार काफी देर तक बंदरों ने दोनों युवकों पर अपना हमला जारी रखा।
पूर्व जिला परिषद सदस्य रमेश मांधना, पंच चंद्रमोहन, तारा चंद, राहुल कौशिक आदि ने बताया कि इन दिनों बंदरों के आतंक से छोटे बच्चों से लेकर वृद्ध व महिलाएं डरी सहमी हुई हैं। बंदर अब तक कई बच्चे, महिलाओं को हमला कर जख्मी कर चुके हैं। बंदरों के काटने से 2 माह पहले एक युवक को उपचार के लिए चंडीगढ़ पीजीआई में भर्ती करवाया गया था। आबादी वाले इलाकों में बंदरों का आतंक इस कदर बढ़ गया है पिछले दो महीनों में दो युवकों को अस्पताल में भर्ती करवाया गया है। जबकि छोटे मोटे तौर पर आऐ दिन बंदर बच्चों को अपना शिकार बना लेते है। इसके अलावा घरों में पड़े सामान के अलावा छत पर पानी की टंकियों को भी नुकसान पहुंचा रहे हैं। इतना ही नहीं ग्रामीण बंदरों के आतंक से इतने भयभीत हैं कि जब घरों से काम के लिए बाहर जाते हैं तो लाठी लेकर निकलते हैं। पिछले एक माह में बंदर करीब काफी लोगों को अपना शिकार बना चुके हैं, जिसमें बच्चों की संख्या कहीं अधिक है। बंदरों के आतंक के चलते ग्रामीण भयभीत हैं। ग्रामीणों ने प्रशासन से बंदरों के आतंक से निजात दिलाने की मांग की है।