संवाद न्यूज एजेंसी
लुधियाना। संयुक्त किसान मोर्चा (एसकेएम) पंजाब ने 24 अगस्त को समराला में विजय रैली करने का एलान किया है। इस दौरान लैंड पूलिंग नीति को वापस करवाने की जीत का जश्न मनाया जाएगा। साथ ही पंजाब में पानी की समस्या, मुक्त व्यापार समझौते का असर, सहकारिता का सवाल और बाढ़ पीड़ित किसानों की सहायता जैसी अहम मुद्दों पर मंथन होगा।
रविवार को लुधियाना के करनैल सिंह ईसरू भवन में हुई बैठक की अध्यक्षता रुलदू सिंह मानसा, बलजीत सिंह ग्रेवाल और बूटा सिंह ने की। मोर्चा के नेताओं ने कहा कि किसानों-मजदूरों और मेहनतकश जनता की एकजुटता से सरकार को लैंड पूलिंग पॉलिसी वापस लेनी पड़ी। इस शानदार जीत पर मोर्चा ने पंजाब के लोगों को धन्यवाद देते हुए समराला में विजय रैली का एलान किया। साथ ही एसकेएम की घटक जत्थेबंदी दोआबा किसान यूनियन और आईपीडी किसान बचाओ मोर्चा को मोर्चा से निष्कासित कर दिया गया। आरोप है कि इन संगठनों के नेता कुलदीप सिंह वजीदपुर और किरपा सिंह नत्थूवाला हाल ही में केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान की बैठक में शामिल हुए और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को धन्यवाद दिया, जबकि उसी समय एसकेएम प्रधानमंत्री के खिलाफ पुतले फूंक रहा था। बैठक में गन्ना किसानों का मुद्दा भी गरमाया। वित्त मंत्री हरपाल चीमा के खिलाफ 19 अगस्त को प्रस्तावित घेराव का कार्यक्रम रद्द कर दिया गया है। वहीं, मोर्चा ने चेतावनी दी है कि यदि 21 अगस्त तक सरकार गन्ना किसानों का बकाया भुगतान नहीं करती तो 24 अगस्त की समराला महापंचायत से ही आंदोलन की नई रूपरेखा का एलान होगा। बैठक में मोर्चा के वरिष्ठ नेता बलबीर सिंह राजेवाल, जोगिंदर सिंह उगराहां, हरिंदर सिंह लखोवाल, डॉ. दर्शनपाल व डॉ. सतनाम सिंह अजनाला भी मौजूद रहे।