जांच में 60 से अधिक सफाई कर्मचारी और माली वीआईपी के निजी घरों में मिले, निगम ने वापस फील्ड में भेजा
संवाद न्यूज एजेंसी
पंचकूला। शहर की सफाई व्यवस्था को पारदर्शी और जवाबदेह बनाने के लिए नगर निगम ने बड़ा कदम उठाया है। निगम आयुक्त विनय कुमार के निर्देश पर सभी सफाई कर्मचारियों, मालियों और बेलदारों का डिजिटल डेटाबेस तैयार किया गया है। इसके साथ ही उनकी बायोमैट्रिक हाजिरी लागू करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। इस व्यवस्था से कर्मचारियों की तैनाती, उपस्थिति और कार्यक्षेत्र की ऑनलाइन निगरानी होगी तथा फर्जी हाजिरी और गलत तैनाती पर रोक लगेगी।
हाल ही में निगम की जांच में 60 से अधिक सफाई कर्मचारी और कुछ माली अपने निर्धारित कार्यस्थल की बजाय वीआईपी के निजी आवासों पर ड्यूटी करते मिले थे। जांच रिपोर्ट के बाद सभी कर्मचारियों को तत्काल वापस बुलाकर वार्डों, सड़कों और पार्कों में तैनात कर दिया गया। निगम अधिकारियों का दावा है कि इसके बाद शहर की सफाई व्यवस्था में सुधार दिखाई देने लगा है।
निगम ने स्वीकार किया कि हाल ही में एचएसवीपी से हस्तांतरित सेक्टरों में सफाई व्यवस्था अभी पूरी तरह पटरी पर नहीं आई है। अधिकारियों के अनुसार इसका कारण स्टाफ के स्थानांतरण और विलय की प्रक्रिया है। जैसे ही एचएसवीपी का स्टाफ पूरी तरह निगम में शामिल होगा, वहां भी पर्याप्त मैनपावर उपलब्ध हो जाएगी। इन क्षेत्रों में भी बायोमैट्रिक प्रणाली लागू की जाएगी। संवाद
मोबाइल एप से होगी निगरानी
निगम के अनुसार बायोमैट्रिक प्रणाली लागू होने के बाद जोनल सैनिटरी इंस्पेक्टर मोबाइल एप के माध्यम से प्रतिदिन फोटो और रिपोर्ट अपलोड करेंगे। इससे वरिष्ठ अधिकारी रियल टाइम में शहर की सफाई व्यवस्था की निगरानी कर सकेंगे।
जांच में सामने आईं प्रमुख खामियां
60 से अधिक सफाई कर्मचारी और कुछ माली निजी आवासों पर ड्यूटी करते मिले।
कई कर्मचारियों के फर्जी या प्रॉक्सी हाजिरी लगाने के मामले सामने आए।
कर्मचारियों की ड्यूटी और लोकेशन का कोई डिजिटल रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं था।
निगम के रिकॉर्ड में करीब 550 सफाई कर्मचारी, 80 माली और कई बेलदार दर्ज हैं, लेकिन फील्ड में उनकी संख्या अपेक्षा से कम मिली।
कोट
डिजिटल डेटाबेस में प्रत्येक कर्मचारी का कार्यक्षेत्र, शिफ्ट, मोबाइल नंबर और फोटो दर्ज किया जाएगा। इससे यह स्पष्ट रहेगा कि कौन कर्मचारी किस वार्ड में और किस समय ड्यूटी पर है। सफाई कर्मचारियों, मालियों और बेलदारों की बायोमैट्रिक हाजिरी शुरू करने की प्रक्रिया चल रही है। इससे जवाबदेही और पारदर्शिता दोनों बढ़ेंगी।
- विनय कुमार, आयुक्त, नगर निगम पंचकूला