चंडीगढ़। पंजाब रोडवेज, पनबस, पीआरटीसी कान्ट्रैक्ट वर्कर्स यूनियन ने सरकार के साथ बैठक के बाद अपनी हड़ताल वापस ले ली है। सरकार ने कर्मियों को भरोसा दिया गया है कि उन पर पहले से दर्ज सभी पर्चे रद्द किए जाएंगे।
अनुबंध पर कार्यरत कर्मियों को स्वीकृत पदों पर पक्का किया जाएगा। साथ ही नौकरी से निकाले कर्मियों को ड्यूटी पर वापस लिया जाएगा। इससे पहले बुधवार को पूरा दिन यूनियन की हड़ताल के चलते 1500 बसों के पहिए थम गए जिस कारण दिल्ली, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और जम्मू एंड कश्मीर के लिए बसें नहीं चल पाईं और यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
हालांकि दोपहर बाद 3 बजे बैठक में सहमति के बाद यूनियन ने हड़ताल वापस लेने का एलान कर दिया, जिससे पहले की तरह ही सभी रूटों पर बसें चलने शुरू हो गईं। सरकार ने मांगों पर सहमति को लेकर पत्र भी जारी किया है जिसके अनुसार कर्मियों पर दर्ज केस वापस लेने के लिए गृह विभाग को कार्रवाई के लिए तीन दिन के अंदर केस भेजा जाएगा।
पीआरटीसी और पनबस के ब्लैकलिस्ट कर्मियों को डयूटी से वापस लिया जाएगा और परिवहन मंत्री के साथ बैठक के बाद यह फैसला लागू किया जाएगा। वर्ष 2023 की ब्लैकलिस्ट कंडीशनों को रद्द करने पर विचार किया जाएगा। कर्मियों को पक्का करने के लिए सब कमेटी की बैठक में यूनियन की मांग को पेश किया जाएगा।