संवाद न्यूज एजेंसी
अमृतसर। गोइंदवाल सेंट्रल जेल में बंद कैदी जरनैल सिंह की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। परिवार ने जेल अधिकारियों के खिलाफ रोष प्रकट कर आरोप लगाया है कि जरनैल की मौत प्राकृतिक नहीं। इसकी जांच होनी चाहिए।
गांव गंडीविंड निवासी गुरमीत कौर ने बताया कि उसके पति जरनैल सिंह ने खाने के लिए अपने घर में पोस्त के पौधे लगाए थे। इस संबंध में पुलिस ने जरनैल सिंह को गिरफ्तार कर सेंट्रल जेल साहिब भेज दिया। वीरवार को उनके परिवार के सदस्य उनके पति से मिलने सेंट्रल जेल गोइंदवाल पहुंचे लेकिन जेल अधिकारियों ने उन्हें मिलने नहीं दिया।
जरनैल सिंह के बेटे अर्शदीप सिंह ने बताया कि वीरवार शाम को जेल अधिकारी उनके पिता को सरकारी अस्पताल ले आए, जहां उनकी मौत हो गई। अर्शदीप सिंह ने आरोप लगाया कि जेल अधिकारियों ने उनके पिता जरनैल सिंह की किसी बीमारी के बारे में परिवार को सूचित नहीं किया। परिवार को शक है कि जरनैल सिंह की मौत पिटाई से हुई होगी। मामले को लेकर सब डिवीजन गोइंदवाल साहिब के डीएसपी अतुल सोनी ने बताया कि जेल में बंद जरनैल सिंह की मौत की मजिस्ट्रेट जांच शुरू कर दी गई है। तीन डॉक्टरों के पैनल से उसके शव का पोस्टमार्टम करवाया जाएगा। पोस्टमार्टम की वीडियोग्राफी कराई जाएगी। सारी कार्रवाई मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में होगी। डीएसपी सोनी ने कहा कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने पर ही जरनैल सिंह की मौत का कारण पता चल पाएगा। पीड़ित परिवार ने सरकार से उचित मुआवजे की मांग करते हुए कहा है कि जरनैल की मौत के बाद उनके परिवार में कोई और कमाने वाला नहीं है। परिवार ने जेल अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की भी मांग की है।