खटौली के पास चार साल पहले हुआ था सड़क हादसा
संवाद न्यूज एजेंसी
पंचकूला। खटौली के पास चार साल पहले हुए सड़क हादसे में पिता-पुत्र की मौत के मामले में अब पीड़ित परिवारों को न्याय मिला है। मोटर एक्सीडेंट क्लेम ट्रिब्यूनल पंचकूला ने मृतक सोमनाथ और संजीव कुमार के परिजनों को कुल 18 लाख 45 हजार रुपये मुआवजा देने का आदेश दिया। ट्रिब्यूनल ने यूनाइटेड इंडिया इंश्योरेंस कंपनी को यह राशि अदा करने के निर्देश दिए।
यह हादसा 5 अगस्त 2020 को हुआ। सोमनाथ (75) और उनका बेटा संजीव कुमार (45) अपने ट्रैक्टर पर गांव बरवाला से घर लौट रहे थे। दोपहर करीब दो बजे रेहोर-खटौली मार्ग पर पीर बाबा दरगाह के पास खटौली की ओर से तेज रफ्तार में आ रही टाटा विंगर एंबुलेंस ने उनके ट्रैक्टर को पीछे से टक्कर मार दी।
टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि ट्रैक्टर सड़क से नीचे खेत में जा गिरा और दोनों पिता-पुत्र नीचे दब गए। गंभीर चोटों के कारण मौके पर ही उनकी मौत हो गई। शव को सेक्टर-6 नागरिक अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित किया।
परिजनों का आरोप था कि हादसे की रिपोर्ट दर्ज होने के बावजूद पुलिस ने तुरंत एफआईआर दर्ज नहीं की। इस कारण उन्हें पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाना पड़ा। कोर्ट के आदेश पर 19 सितंबर 2022 को थाना चंडीमंदिर में एफआईआर दर्ज की गई। मृतक सोमनाथ की पत्नी देवकी देवी ने दावा याचिका दायर की, जबकि संजीव कुमार की पत्नी श्वेता, उनके दो बेटे और मां ने दूसरी याचिका दाखिल की। दोनों मामलों की सुनवाई एक साथ करते हुए ट्रिब्यूनल ने माना कि दुर्घटना एंबुलेंस चालक की लापरवाही के कारण हुई।
ट्रिब्यूनल का फैसला
अदालत ने स्पष्ट किया कि वाहन चालक बलदेव के पास वैध ड्राइविंग लाइसेंस था, एंबुलेंस सिविल सर्जन, सिविल अस्पताल पंचकूला के नाम पंजीकृत थी और यूनाइटेड इंडिया इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड से बीमित थी। इस आधार पर बीमा कंपनी को कुल 18.45 लाख रुपये मुआवजा देने का आदेश दिया गया।