पंचकूला निगम चुनाव : 13 अप्रैल से धारा 163 लागू, हथियार जमा करने के आदेश
भारी मात्रा में नशा और अवैध हथियार बरामद
माई सिटी रिपोर्टर
पंचकूला। आगामी 10 मई को होने वाले नगर निगम चुनाव को लेकर पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद हो गया है। चुनाव को शांतिपूर्ण, निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से संपन्न कराने के लिए डीसीपी सृष्टि गुप्ता ने सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद कर दी है, ताकि गड़बड़ी करने वालों के लिए कोई जगह न बचे।
पुलिस ने न केवल इंटर-स्टेट बॉर्डर सील कर दिए हैं, बल्कि शहर के भीतर भी सरप्राइज चेकिंग के लिए पुलिसकर्मियों की ड्यूटी लगाई गई है। डीसीपी सृष्टि गुप्ता ने बताया कि चुनाव के मद्देनजर पंजाब, चंडीगढ़ और हिमाचल प्रदेश से लगने वाले पांच प्रमुख इंटर-स्टेट नाकों पर 24 घंटे कड़ी नाकाबंदी और निगरानी शुरू कर दी गई है। इन रास्तों से आने-जाने वाले हर संदिग्ध वाहन की तलाशी ली जा रही है।
शहर में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए थाना प्रभारियों और पुलिस चौकी इंचार्ज को निर्देश दिए गए हैं कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में पैदल गश्त बढ़ाएं। खासकर संवेदनशील इलाकों में पुलिस की मौजूदगी बढ़ाई जा रही है, ताकि आमजन बिना किसी डर के मतदान कर सके। डीसीपी ने बताया कि सुरक्षा को और पुख्ता करने के लिए चुनाव से तीन दिन पहले सभी नाकों पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया जाएगा। मतदान के दिन पर्याप्त संख्या में बाहरी पुलिस बल भी तैनात रहेगा।
उन्होंने आश्वस्त किया कि जिला प्रशासन के साथ समन्वय बनाकर चुनाव को पारदर्शी तरीके से कराया जाएगा और किसी भी तरह की गुंडागर्दी या नियम उल्लंघन को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
आचार संहिता के बाद पुलिस की कार्रवाई
डीसीपी ने बताया कि आचार संहिता लागू होने के बाद से पुलिस एक्शन मोड में है। अब तक की कार्रवाई में 538 ग्राम हेरोइन, 1 किलो 154 ग्राम चरस और 180 पेटी अवैध शराब जब्त की गई है। इसके अलावा अवैध हथियारों के खिलाफ अभियान के तहत दो देसी कट्टे और एक कारतूस भी बरामद किया गया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि चुनाव को प्रभावित करने वाली किसी भी अवैध सामग्री की सप्लाई हर हाल में रोकी जाएगी।
हथियार जमा करने के निर्देश
चुनाव के दौरान शांति भंग होने की आशंका को देखते हुए 13 अप्रैल से भारतीय नागरिक न्याय संहिता की धारा 163 लागू कर दी गई है। पुलिस ने सभी लाइसेंसी हथियार धारकों को हथियार संबंधित थानों या गन हाउस में तुरंत जमा कराने के निर्देश दिए हैं। चुनाव प्रक्रिया पूरी होने तक किसी को भी हथियार साथ रखने की अनुमति नहीं होगी। असामाजिक तत्वों और चुनावी माहौल बिगाड़ने की कोशिश करने वालों पर पुलिस की विशेष टीमें 24 घंटे निगरानी रख रही हैं।