चंडीगढ़। पंजाब के आबकारी विभाग ने एक बॉटलिंग प्लांट के लाइसेंस को निलंबित किया है। आबकारी विभाग की टीम ने जब यहां औचक निरीक्षण किया, तो कई खामियां पाई गईं। इन खामियों पर आबकारी विभाग ने जिला एसएएस नगर के डेराबस्सी के गांव बेहड़ा के मेसर्स बोरिस इंडस्ट्रीज प्राइवेट लिमिटेड बॉटलिंग प्लांट के लाइसेंस को 15 दिन के लिए निलंबित कर दिया है। विभाग ने यह कार्रवाई पंजाब आबकारी एक्ट 1914 की अलग-अलग धाराओं का उल्लंघन करने पर की है।
इसके अलावा आबकारी विभाग ने प्रदेश में आचार संहिता के दौरान अब तक 1,058 एफआईआर दर्ज की हैं। इनमें 937 आरोपियों की गिरफ्तारी की गई है। 16,965 लीटर नाजायज शराब और 27,56,729 लीटर लाहन बरामद करके नष्ट की गई है। बीयर की 1,08,180 बोतलें जब्त की गई हैं। अधिकारियों की टीमों ने शराब की तस्करी, ईएनए की तस्करी और आबकारी संबंधी अन्य अपराधों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की है। यह जानकारी पंजाब के अतिरिक्त मुख्य सचिव एवं वित्तीय कमिश्नर (कर) विकास प्रताप और आबकारी और कर कमिश्नर वरुण रूजम ने दी।
आबकारी विभाग ने शराब की गैर कानूनी-कानूनी तस्करी में शामिल लाइसेंस धारकों पर भी नकेल कसी है, जिसके दौरान उनके ठेके को बंद किया गया है। इसके अलावा प्राथमिक जांच के आधार पर पंजाब आबकारी एक्ट 1914 की अलग-अलग धाराओं के अंतर्गत मालिकों के विरुद्ध एफआईआर दर्ज की गई हैं। आबकारी से संबंधित अपराधों के विरुद्ध जंग के दौरान, शराब की भट्ठियों, ब्रुअरीज और बॉटलिंग प्लांटों जैसी निर्माण इकाइयों पर पैनी नजर रखी जा रही है। किसी भी किस्म का उल्लंघन में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं गया है। शराब की गैर कानूनी तरीके से तस्करी को रोकने के लिए प्रदेश भर में 126 नाके व चेकिंग पॉइंट स्थापित किए गए हैं।