चंडीगढ़। खरखौदा शराब घोटाले में मुख्य आरोपी के भाई जितेंद्र को पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय ने जांच में दोबारा शामिल होने के आदेश दिए हैं। उच्च न्यायालय ने गिरफ्तारी पर रोक के आदेश जारी रखते हुए कहा कि यदि याचिकाकर्ता जांच में सहयोग नहीं करेगा तो उसकी गिरफ्तारी से रोक हटा दी जाएगी।
खरखौदा शराब घोटाला सामने आने के बाद इस मामले के मुख्य आरोपी भूपेंद्र की गिरफ्तारी हुई थी। भूपेंद्र के साथ ही जितेंद्र, सतीश, संदीप के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई थी। खास बात यह है कि तीनों पर ही शराब तस्करी के पहले से ही कई मामले लंबित हैं। शराब घोटाले खुलासा तब हुआ जब किसी ने अधिकारियों को खरखौदा की गोदाम में रखी शराब से छेड़छाड़ का वीडियो भेजा था।
इस वीडियो के बाद अधिकारियों ने खरखौदा के इस गोदाम में रखी शराब की जांच आरंभ की तो पता चला कि अधिकारियों की मिलीभगत से यहां से बड़े स्तर पर शराब की तस्करी की गई है। इस गोदाम में बड़ी मात्रा में तस्करी की जप्त की गई शराब रखी गई थी।