पंचकूला। स्वदेशी जागरण मंच की ओर से सेक्टर-5 स्थित परेड ग्राउंड में आयोजित स्वदेशी महोत्सव 2025 में विरासत दि हेरिटेज विलेज कुरुक्षेत्र द्वारा लगाई गई सांस्कृतिक प्रदर्शनी दर्शकों के लिए खास आकर्षण बनी हुई है। प्रदर्शनी में स्वदेशी उत्पादों को बढ़ावा देते हुए हस्तनिर्मित वस्तुओं का अद्भुत और जीवंत प्रदर्शन किया गया है।
स्वदेशी महोत्सव के संयोजक राजेश गोयल ने बताया कि प्रदर्शनी का उद्देश्य स्वदेशी उत्पादों और भारतीय संस्कृति के प्रति लोगों को जागरूक करना है। विरासत सांस्कृतिक प्रदर्शनी के संयोजक डॉ. महासिंह पूनिया ने बताया कि इसमें हरियाणा की विशिष्ट हस्तकला को प्रमुखता से प्रस्तुत किया गया है। लड़की की विदाई में दी जाने वाली पारंपरिक फुलझड़ी, मुलतानी मिट्टी और कागज से बने पेपरमैसी के बोहिये दर्शकों को विशेष रूप से आकर्षित कर रहे हैं।
प्रदर्शनी में हरियाणा की लोक संस्कृति को जीवंत रखने के लिए कई सेल्फी प्वाइंट्स बनाए गए हैं। यहां पर्यटक चारपाई पर बैठकर, हरियाणवी चक्की, गंडासा और पगड़ी पहनकर फोटो खिंचवाने का आनंद ले रहे हैं। इसके साथ ही हरियाणा के पुराने परिवहन साधनों जैसे गड्ढा और लोहार के गड्ढे भी प्रदर्शित किए गए हैं।
इतिहास और संस्कृति में रुचि रखने वालों के लिए भारतीय बाट परंपरा की करीब 500 साल पुरानी धरोहर भी यहां देखने को मिल रही है। खेतीबाड़ी से जुड़े औजार, हरियाणा के पारंपरिक परिधान खारा और घागरा, लोक परंपरा में उपयोग होने वाले बर्तन और कुएं से सामान निकालने के उपकरण प्रदर्शनी में शामिल हैं, जो दर्शकों को हरियाणा की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत से रूबरू करा रहे हैं।