अदालत ने माना- मायके में की गई अंतिम फोन कॉल और विवाहिता की मौत के बीच नजदीकी संबंध, दहेज प्रताड़ना के आरोपों की जांच जारी
25 वर्षीय विवाहिता की ससुराल में फंदे से लटकने से हुई थी मौत, बचाव पक्ष ने बीमारी को बनाया जमानत का आधार
संवाद न्यूज एजेंसी
पंचकूला। कालका में 25 वर्षीय विवाहिता की मौत के मामले में जिला अदालत ने आरोपी पति की नियमित जमानत अर्जी खारिज कर दी। अदालत ने कहा कि मौत से करीब 24 घंटे पहले मृतका की ओर से मायके में की गई फोन कॉल और इसके अगले दिन हुई मौत के बीच नजदीकी संबंध दिखाई देता है। कालका थाना पुलिस ने मामले में 13 मई 2026 को केस दर्ज किया था।
मामले के अनुसार 12 मई की रात महिला ने रोते हुए अपनी मां को फोन किया था। आरोप है कि उसने बताया कि पति और ससुराल वाले बेटे के लिए सोने की चेन और अन्य सामान लाने का दबाव बना रहे हैं। इसके अगले दिन महिला ससुराल में फंदे से लटकी मिली। परिजनों ने शादी के बाद अतिरिक्त दहेज की मांग, मारपीट और मानसिक प्रताड़ना के आरोप लगाए हैं।
जमानत अर्जी पर सुनवाई के दौरान बचाव पक्ष ने मृतका की पुरानी न्यूरोलॉजिकल और मानसिक बीमारी का हवाला देते हुए पति को जमानत देने की मांग की। अदालत ने इस आधार को जमानत देने के लिए पर्याप्त नहीं माना और आरोपी पति की नियमित जमानत अर्जी खारिज कर दी।