चंडीगढ़। शहर के स्थानीय किसानों और भूमि मालिकों को अपनी मंडी और डे मार्केट में कृषि उपज बेचने के लिए अब 50 प्रतिशत कम शुल्क देना होगा। नगर निगम की समिति ने किसानों को राहत देने संबंधी प्रस्ताव को सर्वसम्मति से मंजूरी दे दी है। यह प्रस्ताव पार्षद सतिंदर सिंह सिद्धू ने समिति के समक्ष रखा था। फैसले से चंडीगढ़ के गांवों में खेती करने वाले किसानों को आर्थिक राहत मिलने के साथ अपनी उपज सीधे उपभोक्ताओं तक पहुंचाने का अवसर मिलेगा।
शहर के गांवों में खेती करने वाले किसान लंबे समय से उपज बेचने के लिए बेहतर सुविधाओं और शुल्क में राहत की मांग कर रहे थे। इसी को देखते हुए सिद्धू ने स्थानीय किसानों और भूमि मालिकों को अपनी मंडी और डे मार्केट में लगने वाले शुल्क में 50 प्रतिशत छूट देने का प्रस्ताव रखा। समिति के सभी सदस्यों ने इसका समर्थन किया।
किसानों के साथ उपभोक्ताओं को भी फायदा
पार्षद सतिंदर सिंह सिद्धू ने कहा कि चंडीगढ़ के गांव और किसान शहर की विरासत का अभिन्न हिस्सा हैं। शुल्क में छूट से किसानों पर आर्थिक बोझ कम होगा और उन्हें अपनी उपज बेचने के लिए बेहतर बाजार मिलेगा। इससे किसान सीधे ग्राहकों तक पहुंच सकेंगे और बिचौलियों पर निर्भरता कम होने की उम्मीद है। शहरवासियों को स्थानीय स्तर पर उत्पादित ताजी सब्जियां, फल और अन्य कृषि उत्पाद भी आसानी से उपलब्ध हो सकेंगे।
गांवों और भूमि मालिकों के मुद्दे भी उठाएंगे
सिद्धू ने प्रस्ताव को सर्वसम्मति से पारित करने के लिए समिति के सदस्यों का आभार जताया। उन्होंने कहा कि चंडीगढ़ के गांवों, किसानों और भूमि मालिकों की समस्याएं नगर निगम स्तर पर लगातार उठाई जाएंगी। किसानों के हितों की रक्षा और उन्हें बेहतर सुविधाएं देने के प्रयास आगे भी जारी रहेंगे।