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सेक्टर -26 गवर्नमेंट पॉली क्लीनिक छेड़छाड़ मामला -

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सेक्टर 26 पोलो क्लिनिक में नरसिंग महिला स्टाफ को समझाती डॉक्टर सरोज। - फोटो : PKL OFFICE
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सेेक्टर-26 गवर्नमेंट पॉली क्लीनिक में शनिवार को नया मोड़ आ गया। पूर्व एसएमओ डॉ. सुखराज सिंह के क्लीनिक पहुंचकर ऑफिस में बैठने पर लेडीज स्टाफ ने धरना देते हुए काम का बहिष्कार कर दिया। तीन घंटे तक काम का बहिष्कार करते हुए सभी महिला कर्मचारी धरने पर बैठ गईं। इसकी जानकारी जब सेक्टर -6 जनरल अस्पताल के सीएमओ को हुई तो उन्होंने महिला कर्मियों को समझाने के लिए डॉक्टरों की टीम भेजी। पॉली क्लीनिक के लेडीज स्टाफ को डॉक्टरों की टीम ने जब आश्वासन दिया कि पूर्व एसएमओ डॉक्टर सुखराज सिंह यहां पर ज्वाइन नहीं करेंगे तब जाकर उन्होंने दोबारा काम शुरू किया। इस दौरान तीन घंटे तक काम बाधित होने के बाद मरीजों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
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डेपुटेेशन खत्म होने के बाद पहुंचे
सेक्टर-26 गवर्नमेंट पॉली क्लीनिक में काम करने वाले एसएमओ डॉ. सुखराज सिंह को डेपुटेशन पर 52 दिन के लिए जींद भेजा गया। हरियाणा राज्य महिला आयोग के सामने लेडीज स्टाफ से छेड़छाड़ की बात सामने आई थी। इसके बाद आयोग ने सीएमओ को पत्र लिखकर डेपुटेेशन पर पंचकूला से बाहर भेजने के लिए कहा था। इस पर पॉली क्लीनिक के एसएमओ को जींद भेज दिया गया था। इसके बाद वह अपना डेपुटेशन का काम पूरा कर सेक्टर-26 पॉली क्लीनिक पहुंच गए। क्लीनिक में काम करने वाले लेडीज स्टाफ ने शनिवार को इसका विरोध कर दिया। इसकी जानकारी सीएमओ योगेश शर्मा को हुई तो उन्होंने छुट्टी होने के बाद लेडीज स्टाफ को समझाने के लिए डॉक्टरों की टीम भेजी। लेडिज स्टाफ को समझाने गई डॉ. सरोज अग्रवाल को लेडीज स्टाफ ने ज्ञापन दिया कि वह एसएमओ की मौजूदगी में पॉली क्लीनिक में काम नहीं करेंगी। डॉ. सरोज अग्रवाल ने आश्वासन दिया कि पॉली क्लीनिक के पूर्व एसएमओ डॉ. सुुखराज सिंह की नियुक्ति नहीं होगी। वहीं, लेडीज स्टाफ ने पॉली क्लीनिक की इंचार्ज डॉ. निधि को भी शिकायत दी। शिकायत सीएमओ को भेजी गई है। इसके बाद लेडीज स्टाफ की ओर से काम शुरू किया गया।
तीन बार रिमाइंडर भेजे जाने के बाद दर्ज हुआ था केस
हरियाणा राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष प्रतिभा सुमन ने तीन बार डीजीपी को रिमांइडर भेजा था। इसके बाद एसएमओ पर केस दर्ज किया गया था। इसके अलावा उनकी ओर से डीजी हेल्थ, सीएमओ से पूछा गया था कि इस मामले में क्या जांच की गई। इस पर जनरल अस्पताल की ओर से सेक्सुअल हैरासमेंट कमेटी का गठन किया गया था। कमेटी की ओर से अभी तक रिपोर्ट नहीं दी गई।
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क्या कहना है पीड़ितों का
पीड़ित लेडीज स्टाफ ने बताया कि एसएमओ की ओर से लगातार नौकरी में घालमेल करने की धमकी दी जा रही है। इसकी शिकायत सीएमओ और हरियाणा राज्य महिला आयोग को दी गई है। अभी तक एसएमओ पर कोई कार्रवाई नहीं हुई है। पूर्व एसएसमओ यहां पर ज्वाइनिंग की कोशिश जबरदस्ती कर रहे हैं। पंचकूला स्वास्थ्य विभाग की ओर से कोई कार्रवाई इन पर अभी तक नहीं की गई है।
आरोप पर ये बोले एसएमओ
पॉली क्लीनिक के एसएमओ रहे आरोपी डॉ. सुखराज सिंह ने कहा कि मेरे ऊपर लगाए गए आरोप बेबुनियाद हैं। मैंने किसी को धमकी नहीं दी है। शनिवार को पॉली क्लीनिक में अपना सामान लेने आया था। मुझे ईमानदारी से काम करने की सजा मिल रही है।
पॉली क्लीनिक में लेडीज स्टाफ की ओर से पूर्व एसएमओ की ओर से धमकाने और जबरदस्ती यहां बैठने की शिकायत आई है। मामले की जांच की जा रही है। जो भी दोषी होगा उस पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
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- योगेश शर्मा, सीएमओ, जनरल अस्पताल, सेक्टर-6

सेक्टर 26 पोलो क्लिनिक में खाली पड़े काउंटर।- फोटो : PKL OFFICE

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