चंडीगढ़। हरियाणा विधान सभा चुनाव में सिरसा से हरियाणा लोकहित पार्टी के विजयी उम्मीदवार गोपाल कांडा के निर्वाचन को चुनौती देने वाली याचिका पर जल्द सुनवाई की मांग को लेकर पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट में अर्जी दाखिल की गई है। याचिका में कहा गया है कि मुख्य याचिका पर दो साल से सुनवाई नहीं हुई है ऐसे में इस पर जल्द सुनवाई की जाए।
निर्दलीय उम्मीदवार गोकुल सेतिया ने एडवोकेट परविंदर सिंह के जरिये चुनावी याचिका दायर कर गोपाल कांडा के निर्वाचन को चुनौती दी थी। सेतिया ने आरोप लगाया है कि मतदाताओं को प्रभावित करने के लिए गोपाल कांडा ने चुनाव में पैसा और शराब बांटी थी। साथ ही चुनाव का नामांकन भरते समय गोपाल कांडा ने जो अंडरटेकिंग दी थी उसका भी पालन नहीं किया। नामांकन भरते समय गोपाल कांडा ने अंडरटेकिंग दी थी कि उसके खिलाफ जो भी मामले दर्ज हैं उनके बारे में वह एक समाचार पत्र में जानकारी देंगे। गोकुल सेतिया का आरोप है कि गोपाल कांडा ने यह जानकारी एक ऐसे समाचार पत्र में दी जिसके बारे में लोग ज्यादा नहीं जानते हैं। ऐसे में गोपाल कांडा पर गलत तरीके से चुनाव लड़ने का आरोप लगाते हुए याचिकाकर्ता ने गोपाल कांडा का निर्वाचन रद्द करने की मांग की है। गोकुल सेतिया ने कहा कि इस सब का चुनाव के नतीजों पर काफी प्रभाव पड़ा है। मतगणना के दौरान गोकुल सेतिया लगातार गोपाल कांडा से आगे चल रहे थे, लेकिन अंत में वह 602 वोटों से हार गए थे। गोकुल सेतिया को 44,313 वोट मिले थे।