पंचकूला। सेक्टर-20 के अनाज मंडी में इन दिनों धान की आवक जोरों पर है। सरकारी खरीद की प्रक्रिया सुचारू रूप से चल रही है लेकिन खरीदे गए धान के उठान की धीमी गति और भुगतान में हो रही देरी से किसान परेशान हैं। किसानों का कहना है कि धनतेरस और दिवाली नजदीक है। पैसे नहीं मिलेंगे को दिवाली कैसे मनाई जाएगी। मंडी में अब तक कुल 75 हजार क्विंटल की आवक हुई है जिसमें से 65,357 क्विंटल की खरीद हो चुकी है। हालांकि इसमें से 40 हजार क्विंटल धान का उठान हो चुका है।
भुगतान में देरी होने पर नाराजगी जताते हुए किसानों कहा कि यह हर साल की परेशानी है। पिछली बार भी 10 से 15 दिन बाद धान का भुगतान हुआ था। इस बार भी यही हो रहा है। किसान मनप्रीत सिंह ने बताया कि जिले की अनाज मंडी में दिवाली के चलते 20 अक्टूबर से तीन दिन तक छुट्टी रहेगी। इन तीनों दिन फसलों की बोली नहीं करवाई जाएगी।
क्या कहते हैं किसान
कागजों पर ही दिखती है सुविधा
मंडी में किसानों के लिए दी गई सुविधा केवल कागजों में दिखती है, धरातल पर नहीं। दो दिन पहले ही धान बिक गया है लेकिन उठान की धीमी गति होनी के चलते किसानाें का भुगता नहीं हो पा रहा है। दो दिन बाद दीपावली का त्योहार है। किस तरह से त्योहार मनेगा। - लज्जाराम
किसान दिवाली कैसे मनाएं, किस क्या फर्क पड़ता है
सरकार और अधिकारियों की दिवाली अच्छी होनी चाहिए। किसान की हो न हो कोई फर्क नहीं पड़ता है। दो दिन पहले धान को बेचने के लिए लेकर आया हूं। नमी होने का कारण सुखाना पड़ा है। आज बिका है लेकिन सुनने में आ रहा है कि 15 से 20 दिन में धान का भुगतान हो रहा है। यही हालात पिछले साल भी बने थे। - कीरत सिंह
पैसा समय पर नहीं मिलेगा तो कैसी दिवाली
त्योहार पर किसान को पैसे की जरूरत पड़ती है। शासन और प्रशासन को यह सोचना चाहिए कि अगर आपके बच्चे किसी भी त्योहार को धूमधाम से मनाते हैं तो किसान के बच्चों से क्या दिक्कत है। फसल का पैसा समय पर नहीं मिलेगा तो कैसी दिवाली। - मनोहर लाल किसान
व्यवस्था पहले होनी चाहिए, हर बार किया जा रहा परेशान
धान का उठान समय पर नहीं होने के चलते भुगतान की परेशानी बनी हुई है। अधिकारियों को पहले से ही तय करना चाहिए कि उठान नहीं होगा तो किसान को पैसा कैसे मिलेगा। व्यवस्था विभाग को पहले करनी चाहिए। हर बार क्यों परेशान किया जाता है। - बीरपाल सिंह
कोट
अब तक करीब 70 फसदी धान का उठान हो चुका है। मौसम खराब होने के चलते धान में नमी होने के कारण कुछ समय के लिए उठान प्रक्रिया की गति धीमी हो गई थी लेकिन अब सुचारू रूप से जारी है। किसानों का भुगतान भी समय पर ही किया जा रहा है। किसी कारणवश जिन किसानों का भुगतान नहीं हुआ उनका भी जल्द भुगतान करा दिया जाएगा। - बलदीप सांगवान, मंडी सचिव सेक्टर-20