चंडीगढ़। हरियाणा सरकार बीते वर्ष शराब पर लगाया गया कोरोना सेस हटाने जा रही है। मुख्यमंत्री मनोहर लाल की अध्यक्षता में वीरवार को होने वाली मंत्रिमंडल की बैठक में नई आबकारी नीति पर अंतिम मुहर लगाई जाएगी। बैठक में कोरोना के मद्देनजर प्रबंधन, टीकाकरण, ऑक्सीजन आपूर्ति और श्रमिकों के पलायन संबंधी विषयों पर भी बैठक में चर्चा होगी। जनता को लाभ पहुंचाने वाले अनेक फैसले भी लिए जाएंगे।
आबकारी एवं कराधान विभाग ने नई नीति में सेस हटाने का प्रस्ताव सरकार को भेजा हुआ है। विभाग ने यह फैसला मंत्रिमंडल पर छोड़ दिया है कि शराब ठेकेदारों के पुराने लाइसेंस का ही नवीनीकरण करना है या नए सिरे से ठेकों की नीलामी की जानी है। बैठक में लिए फैसले के अनुसार ही विभाग अगली कार्यवाही करेगा। नई आबकारी नीति 19 मई से राज्य में लागू होनी है। कोरोना सेस हटने के बावजूद प्रदेश में देशी व अंग्रेजी शराब थोड़ी महंगी होगी। बीते वर्ष कोविड लॉकडाउन के बाद ठेकेदारों को राहत देने के लिए आबकारी नीति की अवधि बढ़ाई गई थी। कोविड सेस लगाने पर शराब ब्रांड के हिसाब से प्रति बोतल 2 से 20 रुपये तक महंगी हुई थी। इससे पहले हर साल नई आबकारी नीति पहली अप्रैल से लागू हो जाती थी।