सुधा भारद्वाज ने धांधली के आरोप लगाए, सीसीटीवी बंद रहने और ईवीएम से छेड़छाड़ पर उठाए सवाल
माई सिटी रिपोर्टर
पंचकूला। नगर निगम मेयर चुनाव की मतगणना के बीच पंचकूला की राजनीति में उस समय बड़ा विवाद खड़ा हो गया, जब कांग्रेस की मेयर प्रत्याशी सुधा भारद्वाज और उनके पति संजीव भारद्वाज ने चुनाव प्रक्रिया पर गंभीर सवाल उठाए। कांग्रेस नेताओं ने प्रशासन और सत्ता पक्ष पर धांधली के आरोप लगाते हुए पूरे घटनाक्रम को लोकतंत्र का चीरहरण बताया।
कांग्रेस प्रत्याशी सुधा भारद्वाज ने आरोप लगाया कि अंबाला और पंचकूला के स्ट्रांग रूम में लगे सीसीटीवी कैमरे रहस्यमयी परिस्थितियों में करीब दो-दो घंटे तक बंद रहे। उन्होंने कहा कि इस दौरान अंदर क्या गतिविधियां हुईं, इसकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।
सुधा भारद्वाज ने दावा किया कि स्ट्रांग रूम के रोशनदानों में नए शीशे लगाए गए और वहां चोर दरवाजे बनाए गए, जिससे ईवीएम से छेड़छाड़ की आशंका पैदा होती है। उन्होंने यह भी कहा कि स्ट्रांग रूम की कुछ दीवारें हाल ही में पेंट की गईं या गीली नजर आईं, जिससे संदेह और गहरा हो गया।
उन्होंने कहा कि यदि फिक्सिंग के जरिए ही चुनाव जिताना है तो चुनाव करवाने का दिखावा क्यों किया जा रहा है। यह लोकतंत्र का गला घोंटने जैसा है।
वहीं संजीव भारद्वाज ने मतगणना प्रक्रिया में तकनीकी गड़बड़ियों के आरोप लगाए। उनका दावा है कि शुरुआती पांच राउंड में उन मशीनों का इस्तेमाल किया गया, जो पार्षद चुनाव के लिए निर्धारित थीं। इसके अलावा कुछ दस्तावेजों पर ऐसे लोगों के अंग्रेजी में हस्ताक्षर पाए गए, जिन्हें अंग्रेजी लिखनी तक नहीं आती।
संजीव भारद्वाज ने कहा कि चुनाव प्रक्रिया में कम से कम 10 बड़ी अनियमितताएं सामने आई हैं, लेकिन चुनाव अधिकारियों की ओर से संतोषजनक जवाब नहीं दिया गया। कांग्रेस ने संकेत दिए हैं कि वह पूरे मामले को अदालत में ले जाएगी।
कांग्रेस के प्रमुख आरोप
सीसीटीवी कैमरे दो घंटे तक बंद रहने का दावा
स्ट्रांग रूम में चोर दरवाजे और नए रोशनदान लगाने का आरोप
ईवीएम से छेड़छाड़ की आशंका जताई
फर्जी हस्ताक्षरों और मशीनों की अदला-बदली का दावा
मामले को अदालत में ले जाने की तैयारी