चंडीगढ़। हरियाणा में बनने वाले पहले इंटरनेशनल कन्वेंशन सेंटर का वाणिज्यिक उपयोग किया जाएगा। मुख्य सचिव संजीव कौशल ने अधिकारियों को सेंटर का व्यवस्थित तरीके से डिजाइन तैयार करने के निर्देश दिए हैं। इसके लिए सभी हितधारकों के साथ बैठक कर सुझाव लिए जाएंगे। बड़ी परियोजनाओं के क्रियान्वयन में तेजी लाने को प्रत्येक प्रोजेक्ट के लिए सब कमेटी बनेगी, जिसमें परियोजना से संबंधित अन्य विभागों के प्रतिनिधियों को भी शामिल किया जाएगा।
मुख्य सचिव ने वीरवार को यहां 100 करोड़ रुपये से अधिक की लागत वाली परियोजनाओं की समीक्षा की। प्रशासनिक सचिवों की समिति की बैठक में 6 विभागों की इन 47 परियोजनाओं पर चर्चा हुई जिन पर लगभग 43 हजार करोड़ रुपये की लागत आएगी।
कौशल ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि अन्य स्थानों पर बने इंटरनेशनल कन्वेंशन सेंटर (आईसीसी) का भी बारीकी से अध्ययन करें और उनकी व्यवहार्यता का भी मूल्यांकन किया जाए। फरीदाबाद के सेक्टर-78 में आईसीसी बनाया जाना है, इसके निर्माण में तेजी लाने के लिए अगले 15 दिनों में हितधारकों के साथ बैठक का आयोजन किया जाए।
गलत जानकारी देने वाले अधिकारी के खिलाफ करें सख्त कार्रवाई
मुख्य सचिव ने शहरी स्थारनीय निकाय विभाग की परियोजनाओं की समीक्षा करते पाया कि एक परियोजना की प्रगति रिपोर्ट में कार्य पूरा होने की गलत जानकारी दी गई है। उन्होंने निर्देश दिए कि संबंधित अधिकारी के खिलाफ सख्त कार्रवाई अमल में लाई जाए, अन्य अधिकारियों को भी निर्देश जारी किए जाएं कि गलत जानकारी देने पर और भी सख्त कदम उठाए जा सकते हैं।
इंडस्ट्रियल एस्टेट में हो रहा विकास
बैठक में बताया गया कि बरवाला के इंडस्ट्रियल एस्टेट में टर्नकी आधारित बुनियादा ढांचा सुविधाओं का तेज गति से विकास किया जा रहा है और जल्द ही यह कार्य पूर्ण हो जाएगा। इसके अलावा, सोहना में 500 एकड़ में बन रहे इलेक्ट्रॉनिक मैन्यूफेक्चरिंग कलस्टर, आईएमटी सोहना और खरखौदा में इंफ्रास्ट्रक्चर सुविधाओं के विकास का कार्य किया जा रहा है। दोनों परियोजनाएं 2 वर्षों में पूरा होने का अनुमान है। खरखौदा में आने वाले समय में इलेक्ट्रिकल डिस्ट्रीब्यूशन अंडरग्राउंड होगा। रोहतक मेगा फूड पार्क में 1500 मीट्रिक टन और 1000 मीट्रिक टन क्षमता के 2 साईलो बनाए जाने हैं। इस परियोजना पर लगभग 179 करोड़ रुपये की लागत आएगी।