पंचकूला। जिला अदालत ने बुधवार को चेक बाउंस मामले में चंडीगढ़ के एक युवक को एक साल की सजा सुनाई है। इसके साथ ही उसे चेक की रकम लौटाने का आदेश दिया है। दोषी की पहचान चंडीगढ़ के सेक्टर-9 निवासी समीर लांबा के रूप में हुई है। समीर लांबा के खिलाफ पुनीत वालिया नाम के व्यक्ति ने जिला अदालत में चेक बाउंस का केस फाइल किया था। अदालत ने उसे दोषी करार देते हुए यह फैसला सुनाया।
पुनीत वालिया ने अपनी शिकायत में बताया था कि वह वालिया रेस्टोरेंट एंड वैंक्वेट नाम का रेस्टोरेंट चलाता है। उसकी समीर लांबा के साथ, नॉर्थ कंट्री मॉल में फूड कोर्ट किराए पर लेने की डील हुई थी। जिसका मासिक किराया 1 लाख 25 हजार रुपये था। उसकी तीन कियोस्क को लेकर डील हुई थी। उसने आरोपी समीर लांबा को 7 लाख 50 हजार रुपये टोकन मनी के रूप में दिए थे और 9 लाख रुपये अलग से दिए थे। लेकिन, समीर ने उसके साथ डील पूरी नहीं की। शिकायतकर्ता ने जब पैसे वापस करने के लिए कहा तो समीर ने उसे 31 दिसंबर 2015 को 9 लाख रुपये का चेक दिया था। जब उस चेक को बैंक में लगाया तो वह खाते में पैसों की कमी के चलते बाउंस हो गया। इसके बाद पुनीत वालिया ने समीर लांबा को लीगल नोटिस भेजने के बाद जिला अदालत में चेक बाउंस का केस दायर किया था।