चंडीगढ़। केंद्र सरकार ने पंजाब को गेहूं गुणवत्ता मानकों में छूट देने की तैयारी कर ली है। प्रदेश के सभी जिलों की मंडियों में 291 सैंपल लेने के बाद किसानों को राहत देने के लिए फाइल आगे बढ़ा दी है और एक-दो दिन में राहत को एलान किया जा सकता है।
केंद्र ने पंजाब को भरोसा दिया है कि जिस तरह हरियाणा और राजस्थान को राहत दी गई है, उसी तरह प्रदेश के गेहूं की सैंपल की जांच के बाद उचित फैसला लिया जाएगा। केंद्र की टीमें पिछले तीन दिन से प्रदेश की मंडियों से गेहूं के सैंपल ले रही थीं क्योंकि बारिश और ओलावृष्टि के बाद गेहूं की गुणवत्ता प्रभावित हुई है।
वर्तमान मानकों के अनुसार गेहूं में 12 प्रतिशत तक नमी स्वीकार्य है। 14 प्रतिशत तक नमी होने पर कीमत में कटौती के साथ खरीद की जा सकती है लेकिन अभी भी मंडियों में इससे अधिक नमी वाली फसल आ रही है। यही कारण है कि खरीद एजेंसियों की संयुक्त समन्वय समिति ने इसे लेकर चिंता जताई थी।
खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग के निदेशक वरिंदर शर्मा ने बताया कि केंद्र ने गेहूं की खरीद में राहत का भरोसा दिया है और एक दो दिन में इसका एलान हो सकता है। पंजाब में गेहूं की मंडियों में आमद भी बढ़ गई है। प्रदेश में अब तक 10.55 लाख मीट्रिक टन की आमद हो चुकी है जिसमें से 5.96 लाख मीट्रिक टन की खरीद हो चुकी है। वीरवार को 3.48 लाख मीट्रिक टन की खरीद हुई। अब तक किसानों के खाते में खरीद के बाद 144 करोड़ रुपये डाले जा चुके हैं।
श्री सांवलिया सेठ का भंडार खुलने पर गणना- फोटो : credit
श्री सांवलिया सेठ का भंडार खुलने पर गणना- फोटो : credit
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