पंचकूला। प्रमुख समाजसेवी संस्था श्री मथुरा दास लाजवंती सुभाष हितैषी फाउंडेशन के चेयरमैन भारत हितैषी ने केंद्र सरकार से मांग की है कि कोरोना वैक्सीन के पहले फेस में डॉक्टर, नर्स, पैरामेडिकल स्टाफ, पुलिस और सफाई कर्मचारियों के साथ-साथ समस्त स्कूलों के टीचर्स को भी फ्रंटलाइन वारियर्स की श्रेणी में रखा जाना चाहिए। भारत हितैषी ने कहा कि देश के काफी राज्यों में 18 जनवरी से स्कूलों में नियमित रूप से ऑफलाइन कक्षाएं लगाने के निर्देश दिए गए हैं, लेकिन बच्चों के अभिभावकों में अभी भी कोरोना महामारी के कारण भय और असुरक्षा की भावना बनी है।
भारत हितैषी का कहना है कि बच्चों के अभिभावकों का डर जायज भी है, क्योंकि हाल ही में हरियाणा में स्कूल खोलने के बाद नवंबर में जींद, केएम कॉलेज और रेवाड़ी के बच्चे कोरोनाग्रस्त हो गए थे। इसके बाद तत्काल स्कूलों को बंद कराना पड़ा। इसी तरह आंध्र प्रदेश में भी बच्चे बीमार हो गए थे। भारत सरकार से मांग की है कि देश के तमाम सरकारी और प्राइवेट शिक्षा संस्थानों में कार्यरत अध्यापकों को पहले फेस में वैक्सीन लगवाई जाएगी। इससे बच्चों के अभिभावकों में विश्वास और सुरक्षा की भावना बढ़ेगी और अभिभावक अपने बच्चों को स्कूल भेजने में रुचि लेंगे। भारत हितैषी ने सरकार से मांग की है कि स्कूलों में टीचर्स के नियमित रूप से टेस्ट किए जाएं और स्कूलों में गाइड लाइंस का सख्ती से पालन करवाया जाए, ताकि संक्रमण पर अंकुश लगाया जा सके।