कालका। शुक्रवार को उस समय लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा जब करीब शाम 4 बजे ब्रॉडगेज पुल के समीप ऑटो चालकों को आगे जाने से मनाकर दिया गया। इस दौरान ऑटो में बैठी सवारियों को मजबूरन पैदल लंबा सफर तय करना पड़ा। इसमें बुजुर्गों सहित छोटे बच्चे भी शामिल थे।
वहीं, दूसरी ओर ऑटो चालकों में रोष देखने को मिला। उनका कहना था कि वीरवार को भी उनको सब्जी मंडी से आगे नहीं जाने दिया गया। अब शुक्रवार सुबह से कुछ काम निकल रहा था तो लगभग 4 बजे से ब्रॉडगेज पुल क्रॉस नहीं करने दिया जा रहा। ऐसे में उन्हें घाटा हो रहा है। वहीं, मौके पर मौजूद पुलिस कर्मियों ने बताया कि शहर में धार्मिक शोभायात्रा गुजरनी है।
इसके चलते कुछ समय के लिए ऑटो चालकों को ब्राडगेज पुल से आगे जाने पर रोका गया है। केवल काली माता मंदिर में फ्री ऑटो सेवा दे रहे ऑटो को ही जाने दिया जा रहा है। ट्रैफिक एसएचओ सूरजपुर ने बताया कि शहर में 4 बजे के करीब धार्मिक शोभायात्रा निकलनी थी। इसके चलते ब्रॉडगेज तक ऑटो चालकों को अनुमति थी। वैसे अब ऑटो चालकों को गांधी चौक तक सवारी छोड़ने की अनुमति दे दी गई है।
दो दिन से हो रही परेशानी
कल भी ऑटो को मंडी से आगे नहीं जाने दिया जा रहा था। आज भी लगभग 4 बजे से ब्रॉडगेज पुल के पास से ऑटो वापस लौटाए जा रहे हैं। दो दिन से परेशानी हो रही है। ऐसे में हम क्या कमाएंगे और कैसे अपने परिवार का गुजारा कर सकेंगे।
-मनीष, ऑटो चालक
परिजन को ले गए थे अस्पताल
पंचकूला अस्पताल में किसी परिजन को लेकर गए थे अब ऑटो में बैठ कालका घर जा रहे थे। ऑटो को ब्रॉडगेज के समीप रोक दिया गया है। उनके साथ उनकी बुजुर्ग माता व रिश्तेदार हैं ऐसे में अब वह इतनी दूर पैदल कैसे जाएंगे।
- राजन गोयल
हर बार ऑटो चालक बनते हैं निशाना
इस बारे में प्रशासन व ट्रैफिक पुलिस अधिकारियों से बात की थी। बताया गया कि शहर में धार्मिक शोभायात्रा निकाली जानी है। इसके चलते कुछ घंटों के लिए ऑटो को ब्रॉडगेज पुल से आगे जाने से रोका गया है। हर बार ऑटो चालकों को ही निशाना बनाया जाता है जोकि उचित नहीं है। अगर ऐसा ही रहा तो एसोसिएशन आंदोलन के लिए मजबूर हो जाएगी।
- आरके वैद्द, प्रधान, हाउसिंग बोर्ड कालका अर्बन ऑटो ड्राइवर एसोसिएशन
लोगों को पूर्व सूचना देनी चाहिए थी
आज से पहले भी नवरात्र मेले सुचारू रूप से चलते रहे हैं, लेकिन कभी किसी को कोई परेशानी नहीं हुई। इस बार बेवजह लोगों को परेशान किया जा रहा है यदि प्रशासन को इस तरह के निर्णय लेने होते हैं तो वह एक दिन पहले लोगों को इसकी सूचना मुहैया करवाए ताकि लोग परेशान न हों। रोज-रोज नए नियम और निर्णयों से केवल आमजन को ही नुकसान होता है जोकि उचित नहीं है।
-पवन कुमारी, प्रदेश महासचिव, महिला कांग्रेस