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कांग्रेसी पार्षद के तीन जिलों में वोट

Sun, 04 Aug 2013 05:35 AM IST
Panchkula
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पंचकूला। नगर निगम के वार्ड नंबर-19 के पार्षद सुरेंद्र सिंह छिंदा मुश्किल में फंस गए हैं। उन पर तीन अलग-अलग जिलों में वोट बनाने और वोट डालने का आरोप है। इसे आधार बनाकर उनके प्रतिद्वंद्वी और 19 वोट से निगम चुनाव में हारे इनेलो उम्मीदवार अमरजीत सिंह सैनी ने पंचकूला अदालत में अर्जी देकर उनकी सदस्यता खत्म करने और चुनाव रद्द करने की मांग की है। अदालत ने उनकी अर्जी स्वीकार छिंदा को नोटिस भेज दिया है। इस बारे में सुनवाई अब पांच अगस्त को होगी। सैनी का कहना है कि नियम के मुताबिक छिंदा को अपनी दूसरे स्थानों की वोट कटवानी थी, लेकिन उन्होंने इस तथ्य को चुनाव आयोग से छिपाया और चुनाव में उम्मीदवारी ठोक दी। इस बारे में जब छिंदा से बात की गई तो उन्होंने कहा कि वे अपने सभी वोट कटवा चुके हैं। अब उनका सिर्फ एक ही वोट बना हुआ है।
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अदालत में डाली गई अर्जी में बताया गया है कि सुरेंद्र सिंह छिंदा ने तथ्यों को छिपाकर हरियाणा म्युनिसिपल कारपोरेशन इलेक्शन रूल्स 1994 एक्ट की उल्लंघना की है। इसके मुताबिक एक व्यक्ति का पूरे भारत में एक ही जगह वोट हो सकता है। यदि किसी व्यक्ति के दो जगह वोट बने हैं तो उसे पहले एक जगह का वोट कटवाना होगा, तभी वह दूसरी जगह वह वोट बनाने के लिए अप्लाई कर सकता है। यदि किसी व्यक्ति की दो अलग-अलग जगह वोट बनी है तो वह चुनाव नहीं लड़ सकता।
यहां पर बने हैं छिंदा के वोट
साल 2013 की वोटर लिस्ट के मुताबिक पटियाला की पंचायत गद्दम से सुरेंद्र सिंह छिंदा की वोट बनी हुई है। इस वोटर लिस्ट में उनके घर का पता हाउस नंबर 344 बताया गया है। पंचकूला नगर निगम की वोटर लिस्ट में उनके घर का पता गांव बाना का मदनपुर बताया गया है। यहां पर उनका हाउस नंबर 59/ए है। इसी तरह नारायणगढ़ के सिंघपुरा की वोटर लिस्ट में भी उनका नाम है। यहां पर हाउस नंबर एक में उनका घर दिखाया गया है।
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छिंदा पर पैसे बांटने का भी लगाया था आरोप
नगर निगम चुनाव के दौरान सुरेंद्र सिंह छिंदा पर इनेलो उम्मीदवार अमरजीत सिंह सैनी ने रुपये बांटने का भी आरोप लगाया था। इस बारे में सैनी ने छिंदा के खिलाफ चुनाव आयोग में शिकायत दी थी, लेकिन वहां पर उनकी शिकायत खारिज हो गई थी। आयोग ने कहा था कि छिंदा के खिलाफ कोई भी ऐसा सुबूत नहीं मिला था, जिससे साबित हो सके कि छिंदा ने रुपये बांटे थे। हालांकि सैनी ने अदालत में डाली अर्जी में दोबारा से रुपये बांटने का आरोप लगाया है।
कोट
कांग्रेसी पार्षद सुरेंद्र सिंह छिंदा ने म्युनिसिपल कारपोरेशन इलेक्शन रूल्स 1994 एक्ट की उल्लंघना की है। इस एक्ट के उल्लंघन पर उनका चुनाव रद्द हो सकता है। एक्ट में ऐसा प्रावधान भी है।
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-यज्ञ दत्त शर्मा, एडवोकेट पंचकूला अदालत
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