फिल्म नानक शाह फकीर पर रोक लगाने की मांग
चंडीगढ़। पंजाबी फिल्म नानक शाह फकीर न दिखाई जाए, इसके लिए सिख समुदाय के लोगों ने रोष मार्च निकाला। सेक्टर-19 के गुरुद्वारा साहिब से निकाला गया रोष मार्च सेक्टर-17 स्थित डीसी कार्यालय तक गया। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को सेक्टर-18/19 की लाइट प्वाइंट से पहले ही रोक दिया। प्रदर्शन नारेबाजी के बाद में एक प्रतिनिधिमंडल डीसी से मिला और ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में नानक शाह फकीर फिल्म पर रोक लगाने की मांग की गई।
यूनाइटेड अकाली दल के प्रधान गुरनाम सिंह सिद्धू ने बताया कि नानक शाह फकीर फिल्म में गुरु नानक साहिब, बेबे नानकी और बेबे सुलखणी जी के किरदार फिल्मी अदाकारों ने निभाए हैं। जब कि दुनिया का कोई भी मनुष्य गुरु साहिबान और उनके परिवारों की चाहे वह नाटकीय या फिल्मी रूप में भी हो, बराबरी नहीं कर सकता। उन्होंने कहा कि इससे सिख भावनाओं को चोट पहुंची ही है, सिख सिद्धांतों, परंपराओं और मर्यादा के साथ भी बड़ा खिलवाड़ हुआ है।
उन्होंने कहा कि प्रतिनिधिमंडल ने डीसी से मांग किया है कि सिख भावनाओं को आदर देते हुए इस फिल्म पर तुरंत पाबंदी की घोषणा की जाए और दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई की जाए। रोष प्रदर्शन में केंद्रीय तालमेल कमेटी चंडीगढ़ के महासचिव रजिंदर सिंह साहनी, सचखंड पालकी साहिब सेवक जत्था के प्रधान गुरप्रीत सिंह मिंटा, खालसा ट्रैफिक कंट्रोल जत्था के प्रधान कृपाल सिंह, चंडीगढ़ समूह गुरुद्वारा प्रबंधक संगठन के महासचिव रघबीर सिंह रामपुर सहित अन्य लोग थे। उपायुक्त अजीत बालाजी जोशी ने बताया कि सिख समुदाय के लोगों ने ज्ञापन दिया है, इस पर जरूरी विचार किया जाएगा।