नाराज लोगों ने हरियाणा विधानसभा अध्यक्ष के चंडीगढ़ आवास पर उनसे की मुलाकात, कहा-आस्था पर चलाया पीला पंजा संवाद न्यूज एजेंसी
पंचकूला। हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण ने शुक्रवार अलसुबह जेसीबी से सकेतड़ी में बनी दरगाह को ध्वस्त कर दिया। यह दरगाह 70 साल पुरानी बताई जा रही है। सुबह जैसे-जैसे इस कार्रवाई की जानकारी मिली, लोगों में रोष फैल गया। स्थानीय लोगों ने हरियाणा विधानसभा अध्यक्ष ज्ञानचंद गुप्ता से चंडीगढ़ स्थित उनके आवास पर मुलाकात कर मामले में शिकायत देकर कार्रवाई की मांग की है। लोगों का आरोप है कि एचएसवीपी की टीम दरगाह को तोड़ने के बाद वहां से दानपेटी और अन्य सामान भी अपने साथ ले गई।
एमडीसी के डॉल्फिन चौक से सकेतड़ी जाते समय टी प्वाइंट पर पीर की दरगाह बनी हुई थी। एचएसवीपी अधिकारियों का दावा है कि जहां दरगाह थी, वहां पर स्लिप रोड बननी है। वह जगह भी एचएसवीपी की है। अतिक्रमण करके दरगाह बनाई गई थी। इसलिए एचएसवीपी ने सुबह तीन बजे दरगाह को ध्वस्त किया। अल सुबह वहां पर एचएसवीपी की टीम और पुलिस बल के अलावा कोई नहीं था। आसपास के गांव और मनीमाजरा तक के लोग यहां पर मत्था टेकने आते थे। एचएसवीपी की देर रात की कार्रवाई से लोगों में रोष बना हुआ है।
देवीनगर से सबक लेकर अलसुबह की कार्रवाई
एचएसवीपी ने 14 अप्रैल को गांव देवीनगर गांव में गोगामाड़ी को तोड़ा था। यह कार्रवाई दोपहर 11 बजे के बाद की गई थी। इस समय वहां भारी संख्या में लोग एकत्रित हो गए और प्रशासन का विरोध करने लगे। उनको हटाने में पुलिस प्रशासन को काफी मशक्कत करनी पड़ी और कुछ लोगों के खिलाफ उस मामले में केस भी दर्ज किया गया था। इसी को देखकर एचएसवीपी ने पीर की दरगाह को अलसुबह तोड़ाए ताकि लोग विरोध न कर सके।
विस अध्यक्ष ने भी नहीं की सुनवाई
दरगाह में पूजा-पाठ करने वाले जयकुमार ने बताया कि उनका एक प्रतिनिधिमंडल सुबह विधानसभा अध्यक्ष ज्ञानचंद गुप्ता से मिलने गया था। उन्होंने भी सिर्फ इतना ही कहा कि देखते हैं। कोई सुनवाई नहीं की गई है। न तो अधिकारी और न ही सरकार हमारी सुन रही है। धक्केशाही कर यह कार्रवाई की गई है।
कई साल तक मैंने दरगाह में सेवाकार्य किया है। उसके बाद सेवा का काम जय कुमार को सौंपा था। सालों से हमारी आस्था दरगाह से जुड़ी है। प्रशासन ने लोगों की आस्था पर पीला पंजा चलाया है। - सलमा बेगम, सेवादार
सालों से लोग यहां पूजा करते आ रहे हैं। कोई गलत या अवैध काम नहीं हो रहा। इसके बावजूद एचएसवीपी ने दरगाह को तोड़ दिया। लोगों की भावनाओं की जरा भी कद्र नहीं की गई। - दिब्बो रानी, सेवादार
अतिक्रमण होने के कारण वहां पर कार्रवाई की गई है। वहां सड़क बनाई जानी है। सड़क के बीच में दरगाह आने के कारण उसको तोड़ना पड़ा। इसके बारे में पहले सूचना भी दी गई थी। - मानव मलिक, ईओ पंचकूला, एचएसवीपी