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श्री श्री रवि शंकर

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पुलिस बनने के बाद मुस्कराहट गायब हो जाती है, तनाव तो होगा ही : श्री श्री रवि शंकर
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बचपन में चार सौ बार, युवा सत्रह बार मुस्कराता है और पुलिस बन गए तो एक बार भी नहीं होता है मुस्कराना
आर्ट ऑफ लिविंग के संस्थापक के शिक्षक चंडीगढ़ पुलिस कर्मियों को लगातार योग व मेडिटेशन कराएंगे
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। सेक्टर-26 पुलिस लाइन में आर्ट ऑफ लिविंग के संस्थापक श्री श्री रवि शंकर शुक्रवार शाम चंडीगढ़ पुलिसकर्मियों को तनाव से मुक्ति का पाठ पढ़ाने पहुंचे। उन्होंने सेशन में कहा कि बचपन में चार सौ बार, युवा होते ही सत्रह बार मुस्कराने का मौका मिलता है, लेकिन पुलिस वाले बन गए तो दिन में एक बार भी मुस्कराने का मौका नहीं मिलता। यही कारण है कि पुलिसकर्मियों में ज्यादा तनाव रहता है। कार्यक्रम का स्पेशल सेशन मल्टी हॉल में करीब एक घंटे तक चला। कार्यक्रम में पुलिसकर्मियों को तनाव से दूर करने के साथ-साथ लाइफ स्टाइल को बेहतर बनाने के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी दी र्गई। चंडीगढ़ पुलिस कर्मियों को आर्ट ऑफ लिविंग के संस्थापक के शिक्षक लगातार योग व मेडिटेशन कराएंगे। इस मौके पर डीजीपी संजय बेनीवाल, डीआईजी ओपी मिश्रा, एसएसपी नीलांबरी विजय जगदाले समेत अन्य करीब 15 पुलिसकर्मी मौजूद रहे।
स्पेशल सेशन मल्टी हॉल में इकट्ठा हुए और वहां काफी संख्या में पुलिसकर्मी पहुंचे थे। सबको श्री श्री रवि शंकर के आने का इंतजार था। वह शाम 6.45 बजे आए। डीजीपी संजय बेनीवाल ने उनको शॉल भेंटकर कार्यक्रम को आगे बढ़ाया। शाम 6.52 बजे डीजीपी ने श्री श्री रवि शंकर का स्वागत कर उनका अभिनंदन किया। उन्होंने कहा कि पुलिसकर्मी किसी न किसी वजह से तनाव ग्रस्त रहते हैं। इसके बाद श्री श्री रवि शंकर ने कहा कि पुलिसकर्मी जैसे अपने घर काम बिना तनाव के करते हैं उसी प्रकार सिपाही सारे नागरिकों की खुशी से सेवा करें। हमलोग प्रतिदिन दस हजार लीटर हवा रोजाना सांस के जरिये अपने फेफड़ों में भरते हैं और सांस की क्रियाओं से ही तनावमुक्त हो सकते हैं। कोशिश किया जाए कि ड्यूटी जाने से पहले या फिर भोजन के कुछ समय बाद योग या व्यायाम करें। इससे आप खुद को तनाव मुक्त कर सकते हैं।
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एक लाख पर 628 पुलिसकर्मियों की ड्यूटी
पिछले तीन साल में चंडीगढ़ पुलिस कर्मियों की सबसे अधिक दुर्व्यवहार और भ्रष्टाचार की शिकायतें आई हैं। विभाग के पास साल 2016 से साल 2018 तक कुल दो हजार 400 से अधिक शिकायतें मिली हैं। वर्तमान में चंडीगढ़ पुलिस विभाग के 628 पुलिसकर्मी प्रति एक लाख व्यक्ति पर ड्यूटी कर रहे हैं। विदेश में एक लाख व्यक्ति पर 173 पुलिसकर्मी ड्यूटी कर रहे हैं तो आठ घंटे का शेड्यूल बनाया जा सकता है।
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पुलिसकर्मियों ने श्री श्री रविशंकर से पूछे सवाल
सवाल- डीएसपी रश्मि यादव- ऐसा क्या करना चाहिए कि पुलिस बिना गुस्से के काम करे।
जवाब-जैसे पुलिस वाले अपने घर के काम को सही तरीके से करते हैं वैसे ही उन्हें लोगों की सेवा भी करनी चाहिए।

सवाल- कांस्टेबल उपेंद्र कुमार-यूपी का रहने वाला हूं। छुट्टी नहीं मिलती पिछले करीब चार साल से चंडीगढ़ पुलिस में सेवाएं दे रहा हूं, लेकिन छुट्टी मांगने पर मिलती नहीं है। मुंशी कहता है कि इंस्पेक्टर के पास जाओ। वहां जाता हूं तो एसएसपी ऑफिस भेज दिया जाता है। वहां पहुंचने पर एसएसपी से मिलने नहीं दिया जाता है।
जवाब- ऐसा में दूसरे की बातों से गुस्सा न करें। उनसे जानने की कोशिश करें कि छुट्टी क्यों नहीं दी जा रही है।

सवाल- एसआई अशोक तुली- चंडीगढ़ पुलिस में छुट्टी हमेशा आसानी से मिलती रहती है।
जवाब- यह तो बहुत अच्छी बात है।

सवाल- कांस्टेबल कुलबीर सिंह- माता बीमार है फिर भी कई बार छुट्टी नहीं मिलती है।
जवाब- ऐसे समय पर गुस्से को शांत रखे।

सवाल- जितेंद्र यादव- जानकार शराब पीता हैं, कैसे छुड़वाएं।
जवाब- उन्हें शिविर में भेज दें। सब सही हो जाएगा।

तनाव से बचने के टिप्स
1- क्या और क्यों करने के बजाय सोचें कि कैसे करें।
2- मुस्कराना सीखें।
3- गुस्से से हम सब कुछ खो बैठते हैं।
4- तनावमुक्त जीवन ही जीने की कला है।
5- रोजाना व्यायाम करें।
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