पंचकूला। अब हरियाणा में कहीं भी आग लगने पर उसकी सूचना 22 जिलों के दमकल स्टेशन के अधिकारियों के साथ एसपी और सीएमओ को तत्काल मिलेगी। प्रदेश में फायर सेफ्टी उपायों को और सुदृढ़ बनाने के दृष्टिगत जल्द ही एक फायर सेफ्टी एप का निर्माण होगा। इससे राज्य में कहीं पर भी आग लगने की घटना होगी तो उसका अलर्ट सभी मिलेगा, जिससे तत्काल मदद
मिल सकेगी। हरियाणा शहरी स्थानीय निकाय मंत्री कविता जैन ने वीरवार को फायर सेफ्टी उपाय को लेकर यहां आयोजित राज्य स्तरीय बैठक में उपस्थित अधिकारियों को संबोधित करते हुए यह बात कही। इस दौरान शहरी स्थानीय निकाय विभाग के प्रधान सचिव आनंद मोहन शरण और महानिदेशक समीर पाल सरो भी उपस्थित थे।
बैठक में आग लगने जैसी घटनाओं में कमी लाने, हादसे के दौरान त्वरित मदद पहुंचाने और भविष्य में विभाग की कार्यप्रणाली को और सुदृढ़ करने पर गहन चर्चा की गई। कविता जैन ने कहा कि फायर ब्रिगेड का कार्य किसी भी तरह से पुलिस और चिकित्सा सेवाओं से कम नहीं आंका जा सकता है। दमकल कर्मी भी जान बचाने का कार्य करते हैं और उनकी भूमिका सैनिक से कम नहीं है। उन्होंने कहा कि विभाग को और अधिक मजबूत करने की जरूरत है। इसके लिए जल्द ही फायर सेफ्टी एप बनाया जाएगा। इस एप के माध्यम से दमकल सेवा के साथ साथ प्राथमिक चिकित्सा सेवा भी मुहैया करवाई जाएगी।
102 फायर सेफ्टी मोटर साइकिल उपलब्ध करवाए गए
कविता जैन ने कहा कि शहरों में भीड़ वाले क्षेत्रों व तंग गलियों में आग की घटनाओं पर जल्द काबू पाने के लिये फायर बिग्रेड युक्त 102 मोटर साइकिल खरीद कर प्रदेश के सभी जिलों में उपलब्ध करवाए गए हैं। विभाग में स्टाफ की कमी को पूरा करने के लिये आउट सोर्सिंग से लगभग एक हजार कर्मचारियों की व्यवस्था की गई है। 1046 नियमित पदों पर भर्ती के लिये हरियाणा राज्य कर्मचारी चयन आयोग को मांग भेजी जा चुकी है। इसके अलावा दमकल और सहायक दमकल अधिकारियों की भर्ती के लिए हरियाणा पब्लिक सर्विस कमीशन को मांग भेजी गई है।
दमकल गाड़ियों में लगेगा जीपीएस
निकाय मंत्री ने कहा कि दमकल गाडियों में जीपीएस लगाया जाएगा, जिससे हादसे वाले स्थान की लोकेशन पता कर वहां पर जल्द पहुंचा जा सके। उन्होंने कहा कि जिला व ब्लॉक स्तर पर दमकल स्टेशनों पर सिस्टम ऑनलाइन होना चाहिए, जिससे आग लगने की सूचना तुरंत मिल सके। मुख्यालय स्तर पर एक नोडल अधिकारी लगाया जाएगा, जो प्रदेशभर के दमकल स्टेशनों के साथ समन्वय स्थापित करेगा ताकि किसी भी आपातकाल घटना के समय सभी को सचेत किया जा सके। सिनेमा हॉल, अस्पताल, कोचिंग सेंटर जैसी बहुमंजिला इमारतों को एनओसी जारी करते समय अग्नि सुरक्षा उपायों का विशेष ध्यान रखा जाएगा।
अधिकारियों को जारी की सख्त हिदायत
कविता जैन ने बैठक के दौरान अधिकारियों को सख्त हिदायत जारी की है कि वह नियमों को ताक पर रखकर एनओसी या नवीनीकरण पत्र जारी न करें। उन्होंने फायर ऑफिसर को निर्देश दिए हैं कि वे अपने जिले में अग्नि सुरक्षा पखवाड़ा मनाएं और इस दौरान मॉक ड्रिल करें। इसके लिए वार्षिक कैलेंडर तैयार किया जाए। इस दौरान प्रदेश के सभी 22 जिलों में सालभर तक अग्नि सुरक्षा पखवाड़ा, मॉक ड्रिल की गतिविधियां संचालित की जाएं।
छह सदस्यीय कमेटी का किया गठन
कविता जैन ने विभाग की कार्यप्रणाली को और अधिक मजबूत करने और तकनीकी रूप से सबल बनाने के लिए 6 सदस्यीय कमेटी का गठन किया। इस कमेटी में 4 फायर स्टेशन ऑफिसर व 2 अधिकारी मुख्यालय स्तर के शामिल किए गए हैं। यह कमेटी आगामी सप्ताह में विभिन्न पहलुओं पर अपने सुझाव प्रस्तुत करेगी। शहरी स्थानीय निकाय विभाग के प्रधान सचिव आनंद मोहन शरण ने कहा कि अग्निशमन विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों को स्तरीय प्रशिक्षण सुविधा उपलब्ध करवाने के लिए पंचकूला के सेक्टर 3 में प्रशिक्षण संस्थान के लिए जमीन उपलब्ध हो चुकी है और शेष प्रक्रियाएं पूरी करके जल्द ही इसके भवन का शिलान्यास करवाया जाएगा।
60.65 करोड़ रुपये के बजट का प्रावधान
फायर विभाग के पास अलग से 60.65 करोड़ रुपये का बजट का प्रावधान है। उन्होंने कहा कि किसी बड़ी घटना के दौरान बहादुरी से कार्य करने वाले दमकल विभाग के अधिकारियों व कर्मचारियों को प्रोत्साहित किया जाएगा। शहरी स्थानीय निकाय विभाग के महानिदेशक समीर पाल सरो ने कहा कि अग्नि शमन विभाग को वर्तमान चुनौतियों के अनुसार सक्षम बनाने के लिये सुविधाओं में विस्तार किया जा रहा है। इसके लिए जिला और उपमंडल स्तर पर स्थित दमकल कार्यालयों में फायर ब्रिगेड की कमी पूरी करने के लिए नए वाहन खरीदने की प्रक्रिया शुरू की गई है और अब तक 64 हलके और भारी वाहन खरीदे जा चुके हैं। उन्होंने बताया कि महानगरों में बहुमंजिला इमारतों में आग लगने की घटनाओं पर काबू पाने के लिये 32 व 70 मीटर उचाई की क्षमता के 2 हाइड्रॉलिक फायर ब्रिगेड खरीदने की प्रक्रिया भी आरंभ की गई है।