नगर निगम जनरल हाउस मीटिंग में जोरदार हंगामा
मेयर अक्षित जैन और नगर निगम कमिश्नर को पार्षदों ने बोलने तक नहीं दिया
कांग्रेस विधायक की ओर से निगम में दफ्तर खोलने के खिलाफ डटे काउंसिलर
अमर उजाला ब्यूरो
मोगा। अकाली दल के कब्जे वाली नगर निगम हाउस की मीटिंग हंगामा भरभूर रही। इस मीटिंग में काउंसिलरों ने अकाली मेयर अक्षित जैन ओर कमिश्नर अनीता दर्शी को बोलने तक नहीं दिया। वहां कांग्रेस विधायक डॉ. हरजोत कमल सिंह की ओर से नियमों को ताक में रख कर निगम में दफ्तर खोलने का काउंसिलरों ने जोरदार हंगामा करते डट कर विरोध किया।
अकाली काउंसिलर गुरमिंदरजीत सिंह बबलू और भाजपा नेता सीनियर डिप्टी मेयर अनिल बांसल व डिप्टी मेयर जरनैल सिंह समेत हाजिर 42 में से 36 काउंसिलरों ने विधायक को दिए कमरे का जोरदार विरोध किया। उन्होंने तर्क दिया कि न तो किसी जगह पर और निगम दफ्तरों में विधायकों ने दफ्तर खोले हैं और न ही एक्ट मुताबिक यह दफ्तर खोले जा सकते हैं। काउंसिलरों के विधायक को दफ्तर खोलने की मंजूरी बारे पूछे सवाल से मेयर अक्षित जैन ने साफ कह दिया कि उन्होंने ऐसी कोई अनुमति नहीं दी तो कमिश्नर अनीता दर्शी की ओर से विधायक का पक्ष लेते इस्तेमाल की गई शब्दावली से सख्त ऐतराज करते काउंसिलर भड़क उठे।
काउंसिलरों ने कहा कि सीनियर डिप्टी मेयर और डिप्टी मेयर को तो निगम में दफ्तर के लिए कोई कमरा नहीं दिया गया यहां तक कि संयुक्त कमिश्नर, जिन के पास सहायक कमिश्नर शिकायतों का अतिरिक्त चार्ज भी है, के पास कमरा नहीं है। इन 36 काउंसिलरों ने एमएलए को दिया गया कमरा सीनियर डिप्टी मेयर ओर डिप्टी मेयर को देने के लिए प्रस्ताव पास करके मेयर को सौंपा।
हंगामे के दौरान कमिश्नर अनीता दर्शी ओर अन्य कई काउंसिलर मीटिंग से उठकर भी चले गए। मामला कुछ शांत होने बाद कमिश्नर अनीता दर्शी ने कहा कि शहर के विकास ओर अन्य मुद्दों की बात शांत माहौल में हाउस में रखी जाए। इस मौके मेयर अक्षित जैन ने हंगामे दौरान ही एजेंडा पेश कर दिया। इस शोर शराबे दौरान कई तजवीजे पास कर दीं गई।
‘लोगों की समस्याएं सुनने को खोला कार्यालय’
कांग्रेस विधायक डॉ. हरजोत कमल सिंह ने कहा कि उन्होंने लोगों की मुश्किलें सुनने के मद्दे नजर निगम में दफ्तर खोला है। उसका अपना दफ्तर भी है जहां सभी सुविधाएं हैं। उन्होंने कहा कि वही काउंसिलर दफ्तर खोलने का विरोध कर रहे हैं, जिनको उनके वहां बैठने के कारण नुकसान होता दिखता है या वह लोग इस बात का विरोध कर रहे हैं जो शहर के विकास के विरोध में हैं। उन्होंने कहा कि शहर का विकास गुटबंदी कारण रुका है। वह जल्दी ही अधिकारियों से मिलकर विकास कार्य शुरू करवाएंगे।