फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

भारत बंद आह्वान सुर्पीम कोर्ट व संविधान के खिलाफ।

विज्ञापन
विज्ञापन
‘भारत बंद सुप्रीम कोर्ट व संविधान के खिलाफ’
विज्ञापन

बरनाला। भारत की सर्वोच्च न्यायालय द्वारा एससी व एसटी एक्ट अधिनियम के संदर्भ में दिए गए फैसले का विरोध कर भारत बंद आह्वान कर रहे संगठन आदेशों की उल्लंघना ही नहीं कर रहे, बल्कि देश के संविधान की अवमानना भी कर रहे हैं। ऐसा करना देशद्रोह से कम नहीं। यह बात राष्ट्रस्तर पर गठित जनरल कैटेगरी युवा ब्रिगेड ने व्हाट्सएप पर वायरल कर पहुंचाया जा रहा है। ब्रिगेड प्रवक्ताओं के अनुसार उनके संदेश को भारत देश के ही नहीं विदेशों में बैठे 27 हजार करोड़ लोगों ने भी पढ़ा है। जिनके मिले ज्यादातर कमेंट में अदालत के आदेश का समर्थन करने व सम्मान करने के बारे में लिखा गया है।
विज्ञापन

एसएसपी हरजीत सिंह का कहना है कि असामाजिक तत्वों से निपटने के लिए प्रशासन पूरी तरह से वचनबद्ध है। किसी भी व्यक्ति को कानून व्यवस्था से खिलवाड़ नहीं करने दिया जाएगा। अगर कोई शरारती तत्व शांति भंग करते वक्त देखा गया तो उसे बख्शा नहीं जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें