होडल। पूर्व केंद्रीय राज्यमंत्री और सांसद कृष्णपाल गुर्जर द्वारा गोद लिए गए गांव बंचारी में पीने के पानी की समस्या खत्म नहीं हो रही है। पेयजल की समस्या से परेशान लोगों ने मंगलवार को लघु सचिवालय परिसर में जमकर प्रदर्शन किया। उन्होंने सरकार और प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। ग्रामीणों ने प्रशासनिक अधिकारियों को चेतावनी दी कि यदि समस्या का समाधान जल्द नहीं हुआ तो वे सड़क पर भी उतर आएंगे।
गांव बंचारी में पिछले कई महीनों से पेयजल की समस्या बनी हुई है। इस मामले में लोग विभागीय अधिकारियों से शिकायत कर चुके हैं। लेकिन समस्या का समाधान नहीं हो सका है। हर बार प्रशासनिक अधिकारी आश्वासन देकर लोगों को टरका देते हैं। दिन प्रतिदिन बढ़ रही भीषण गर्मी और पीने के पानी की समस्या को लेकर ग्रामीण महिला-पुलिस लघु सचिवालय पहुंच गए। ग्रामीणों ने अधिकारियों को तीन दिन का अल्टीमेटम दिया है।
अधिवक्ता ओमप्रकाश के नेतृत्व में उपमंडल कार्यालय पहुंची ग्रामीण महिला सुनीता, रचना, सत्यवती, बुद्दो, ईश्वरवती, रेणुका, कमलेश, पुष्पा, कृष्णा, बबीता, कविता, सीमा, कन्हैयालाल, प्रकाश, बिजेंद्र आदि का कहना था कि गांव में लगभग सात महीनों से पेयजल की समस्या बनी हुई है। महिलाओं को दूर-दराज से पानी लाना पड़ता है। ग्रामीणों का कहना है कि गांव में हो रहे अवैध कनेक्शनों के कारण पेयजल की समस्या बनी हुई है। उन्होंने बताया कि कई बार जन स्वास्थ विभाग के अधिकारियों से शिकायत कर चुके हैं लेकिन वह सुनने को तैयार नहीं है। ग्रामीणों ने बताया कि जब इस मामले में विभागीय अधिकारियों से फोन पर पूछताछ की जाती है तो जवाब मिलता है कि आगे से फोन पर बात मत करना। इसके अलावा सीएम विंडो पर शिकायत दर्ज कराई गई है लेकिन अधिकारी समाधान करने के बजाय भ्रमित करते हैं।
अवर अभियंता को सुनाई खरी खोटी
एसडीएम कार्यालय पहुंचे जन स्वास्थ विभाग के अवर अभियंता को ग्रामीणों ने जमकर खरी खोटी सुनाई। ग्रामीणों की बात सुन अभियंता ने कोई जवाब नहीं दिया। बाद में एसडीएम ने विभागीय अभियंता दौलतराम को तीन दिन के अंदर पेयजल की समस्या को निपटाने के निर्देश दिया। कहा कि जब तक पेयजल आपूर्ति बहाल नहीं होती है तब तक टैंकर के माध्यम से पानी की आपूर्ति की जाए।