पलवल। तीन हजार ट्रैक्टरों के साथ बृहस्पतिवार को जिले के किसान शक्ति प्रदर्शन करेंगे। वे यहां से गाजीपुर बॉर्डर पहुंचेंगे। उनके साथ सिंघु व टीकरी बॉर्डर से आने वाले किसान भी शामिल होंगे। बुधवार को धरना स्थल पर किसान नेताओं की ट्रैक्टर मार्च की तैयारियों को लेकर चर्चा चलती रही। वहीं धरना स्थल पर आयोजित सभा में सभी गांवों से 10-10 ट्रैक्टर लाने की जिम्मेदारी सौंपी गई।
कृषि कानूनों के विरोध दिल्ली-आगरा राष्ट्रीय राजमार्ग पर चल रहे किसानों के धरने के 36वें दिन ट्रैक्टर मार्च की तैयारियां चलती है। किसानों ने अपने-अपने गांव के आने वाले ट्रैक्टरों की संख्या मौके पर ही दर्ज करवाई। धरने पर यह भी कहा कि सभी ट्रैक्टरों पर तिरंगा झंडा होना चाहिए। देश के विभिन्न राज्यों से आए किसानों ने धरने को संबोधित किया। धरने की अध्यक्षता सरदार जसवीर सिंह ने की, जबकि संचालन रूपराम तेवतिया ने किया।
मध्य प्रदेश के भोपाल से आई मीना शर्मा ने कहा कि तीनों कृषि कानून किसानों के हित में नहीं है। सरकार किसानों को कमजोर समझने की भूल न करे। किसान सत्ता में बिठा सकता है, तो कुर्सी से खींच भी सकता है। मध्य प्रदेश के राजीव दीक्षित ने कहा कि पंजाब व हरियाणा के किसानों का पूरे देश का किसान आभार व्यक्त करेगा। इन राज्यों ने पूरे देश के किसानों को जागरूक करके संगठित करने का काम किया है। सभा में छोटे बच्चे उसीम रहमान, बस्तीराम, राजेश बांसवा ने कविता व गीतों के जरिये किसानों को जागरूक किया। इस मौके पर चौहान पाल के पंच जयनारायण चौहान, स्वामी श्रद्धानंद सरस्वती, रतन सिंह सौरोत, मास्टर महेंद्र चौहान, इनेलो नेता देवेंद्र चौहान, प्रेम दलाल, सरदार उपकार सिंह, कुल्लू चौहान, ऋषिपाल चौहान व राहुल तंवर आदि ने संबोधित किया।
मध्य प्रदेश के किसानों ने की भूख हड़ताल
कृषि कानून वापसी की मांग को लेकर किसानों की भूख हड़ताल जारी रही। बुधवार को मध्य प्रदेश के किसानों ने भूख हड़ताल की। इसमें संतोष सिंह, बलविंदर सिंह, गुरुनाम सिंह, बलवीर सिंह, बलविंदर सिंह, गुरुपेज सिंह, रणजीत सिंह, वतसन सिंह, जसवीर सिंह व समंदर सिंह शामिल थे।
उटावड़ में हुई पंचायत
बृहस्पतिवार को निकाल जाने वाले ट्रैक्टर मार्च को लेकर गांव उटावड़ में पंचायत हुई। पंचायत में मेवात से करीब सौ ट्रैक्टरों के साथ मार्च में शामिल होने का निर्णय लिया गया। वहीं धरना स्थल पर गांव औरंगाबाद की ओर से 25 ट्रैक्टर लाने की घोषणा की गई। इनके अलावा अलावलपुर, छज्जूनगर, घोड़ी, किठवाड़ी, अटोहां, मर्रोली, बहीन, मानपुर, नांगलजाट, कौंडल, जनौली, मीतरौल, चांदहट, सिहौल सहित अन्य गांवों ने 10-10 ट्रैक्टर लाने की घोषणा की।
मार्च को देखते हुए बढ़ाई गई पुलिस सुरक्षा
किसानों के ट्रैक्टर मार्च को लेकर डीएसपी यशपाल खटाना को नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया। केएमपी-केजीपी इंटरचेंज पर भारी पुलिस बल के साथ सीआरपीएफ, आइटीबीपी, दंगा विरोधी फोर्स व आईआरबी की तैनाती रहेगी। धरना स्थल पर वाटर कैनन, आसू गैस की गाड़ियां भी तैनात रहेंगी। केजीपी पर छज्जूनगर टोल प्लाजा पर कैंप व चांदहट थाना प्रभारी के साथ बागपुर चौकी की पुलिस दंगारोधी सामान के साथ तैनात रहेगी। वहीं केएमपी स्थित टोल प्लाजा पर सदर व हथीन थाना प्रभारी 20-20 पुलिस कर्मियों व दंगारोधी सामान के साथ तैनात रहेंगे। यातायात थाना प्रभारी रविंद्र सिंह को यातायात व्यवस्था दुरुस्त रखने के लिए अतिरिक्त पुलिस दी गई।
वर्जन-
ट्रैक्टर मार्च को लेकर पांच कंपनियों सहित भारी पुलिस बस की तैनाती की गई है। नागरिकों से अपील है कि गलत अफवाहों पर ध्यान न दें और यदि कोई गलत अफवाह फैलाता है, तो उसकी सूचना पुलिस को दें। - दीपक गहलावत, जिला पुलिस अधीक्षक