पलवल। भारतीय कृषक समाज के तत्वावधान में बुधवार को हुडा सेक्टर-2 स्थित कार्यालय पर एक संगोष्ठी का आयोजन किया गया। अध्यक्षता जिला अध्यक्ष बलवंत ठाकुर व मुख्य वक्ता हरियाणा के चेयरमैन अजीत तेवतिया रहे। अजीत तेवतिया ने बताया कि एमएसपी से शुरू हुआ आंदोलन अब भटक गया है। बिना तथ्यों की राजनीति किसानों को गुमराह कर रही है। 1970 में एग्रीकल्चर मार्केटिंग प्रोड्यूस कमेटी बनी थी, वो समय और जरूरत के हिसाब से विकसित नहीं हो पाई। इसका अभिप्राय किसानों को बाजार की अनिश्चितता से बचाना था। मंडी ढांचे में बढ़ोतरी तो हुई पर जो इस प्रणाली में नही थे, वे भी किसान से कम मूल्यों में उपज की खरीदारी करने लगे। किसानों को अपने उत्पाद की जो कीमत मिलती है और ग्राहकों को जो कीमत देनी पड़ती है। उन कीमतों में अंतर को खेत से थाली के बीच कीमत वृद्धि कहा जाता है। इस मौके पर दशरथ थानेदार, महेंद्र देशवाल, अमित अत्री, राजेश बैसला, ज्वाला ठाकुर, संजू तेवतिया, सुशीला निगम, जेएल दीक्षित, सुरेंद्र तंवर, सिकंदर डागर, मिथलेश शर्मा, कुसुम गिरी, लता माहेश्वरी, कनक गुप्ता आदि मौजूद रहे। संवाद