प्रेमी के साथ रह रही महिला के परिजनों ने किया थाने पर हंगामा, पहुंचाया सेफ हाउस
हथीन। पति को छोड़ प्रेमी के साथ रह रही महिला के परिजनों ने शनिवार की देर शाम थाने पर हंगामा किया। जब पुलिस ने परिजनों को समझाने का प्रयास किया तो उन्होंने थानेदार से धक्का-मुक्की भी की। हंगामा कर रहे महिला के परिजनों ने जब पुलिस बल बढ़ता देखा तो वह एक-एक करके फरार होने लगे। पुलिस ने इस मामले में महिला की शिकायत पर परिवार के सात के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। इस मामले में पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर रविवार को स्थानीय अदालत में पेश कर जेल भेज दिया है।
पुलिस ने पीड़ित महिला को पुलिस सुरक्षा में पलवल के सेफ हाउस में बच्चों के साथ पहुंचाया। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि मठेपुर गांव की एक युवती की शादी नगीना थाना के गांव नांगल शाहपुर निवासी साबिर के साथ हुई थी। महिला के 4 बच्चे हैं, जिनमें बडा बेटा 14 साल का है और सबसे छोटा 3 साल का है। पुलिस ने बताया कि शाहपुर में ही सांपनकी गांव का एक युवक (जिसके साथ महिला रिलेशनशिप में रह रही है) अपने मामा के घर रहता था। इसी दौरान महिला के संबंध उस युवक के साथ हो गए। प्रथम सूचना रिपोर्ट के अनुसार महिला 29 मार्च 2019 को बच्चों को छोड़कर अहमदाबाद चली गई। इसके एक महीने बाद महिला और प्रेमी 26 अप्रैल 2019 को चंडीगढ़ गए और वहां एक वकील के माध्यम से हाईकोर्ट में लिव इन रिलेशनशिप के लिए दरखास्त लगाई। जिस पर हाईकोर्ट ने 29 अप्रैल 2019 को उक्त प्रेमी युगल को लिव इन रिलेशनशिप में रहने के लिए आदेश जारी कर दिए। आदेश की कॉपी लेकर वह दोनों 7 मई 2019 को पलवल एसपी ऑफिस में आए और दोनों ने अपनी जान माल की सुरक्षा की मांग की। जिस पर पुलिस ने उन्हें सेफ हाऊस में भिजवा दिया।
नौ मई तक रही है महिला सेफ हाउस में
महिला ने बताया कि वह नौ मई तक सेफ हाउस में रहे, इस बीच उसका भाई और जीजा वहां आए और दोनों ने आश्वासन दिया कि हमारे साथ चलो। अपने रिलेशन बनाकर रहना, हमें कोई एतराज नहीं है। जिस पर महिला और उसके प्रेमी वहां से आ गए। महिला अपने गांव मठेपुर चली गई और उसका प्रेमी अपने गांव सांपनकी चला गया। महिला का आरोप है कि उसके परिजन प्रेमी से उसे बात नहीं करने देते थे। उन्हाेंने उसके पति को भी वहीं बुला लिया। इस पर महिला ने किसी भी तरह बहाना लगाकर बाजार जाते समय शोर मचा दिया। इसके बाद महिला ने सारी बात पुलिस को बता दी। इस पर पुलिस उसके बेटे और महिला को थाने ले गए। इस बात की सूचना जब परिजनों को लगी तो वह अन्य लोगों के साथ थाने पर आ गए और हंगामा करने लगे।