फैमिली आईडी, आधार कार्ड और दस्तावेजों में हेरफेर कर 25 से 40 हजार रुपये तक की वसूली का आरोप
कंप्यूटर व सॉफ्टवेयर से फर्जीवाड़े का आरोप
संवाद न्यूज एजेंसी
पलवल। जिले के दीघोट गांव में फर्जीवाड़े के एक बड़े मामले का खुलासा हुआ है, जहां एक युवक ने दस्तावेजों में हेरफेर कर सैकड़ों लोगों को फर्जी तरीके से बुढ़ापा पेंशन दिलाई। अनिल नामक युवक पर आरोप है कि वह फैमिली आईडी, आधार कार्ड, बैंक पासबुक और राशन कार्ड में उम्र व आय संबंधी विवरणों में बदलाव कर पेंशन मंजूर करवाता है। इसके बदले वह हर व्यक्ति से 25 से 40 हजार रुपये तक की रकम वसूलता है।
शिकायतकर्ता टीकाराम ने सदर थाना पुलिस को बताया कि आरोपी 45 वर्ष तक की उम्र के महिला-पुरुषों की भी पेंशन बनवाता है। वह खास सॉफ्टवेयर की मदद से दस्तावेजों में हेरफेर करता है। यहां तक कि आरोपी ने अपने 50 वर्षीय पिता पप्पू और 41 वर्षीय चाचा सुंदर की भी गलत तरीके से उम्र बढ़ाकर पेंशन बनवाई है।
शिकायत में यह भी उल्लेख किया गया कि गांव में सैकड़ों लोगों के साथ यह हेरफेर हुआ है। टीकाराम ने पुलिस से आरोपी के कंप्यूटर, सॉफ्टवेयर व अन्य दस्तावेजों की जांच करने की मांग की है, ताकि वर्ष 2023 से अब तक बनी सभी संदिग्ध पेंशन की सच्चाई सामने आ सके। पुलिस के अनुसार, दीघोट गांव में इससे पहले भी फैमिली आईडी और आधार कार्ड में छेड़छाड़ के कई मामले दर्ज हो चुके हैं। अब उन मामलों की भी जांच दोबारा शुरू की जाएगी। सदर थाना प्रभारी मनोज कुमार ने बताया कि टीकाराम की शिकायत पर आरोपी अनिल, उसके पिता पप्पू और चाचा सुंदर के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 318(4), 336(3), 338 और 340 के तहत धोखाधड़ी का केस दर्ज कर लिया गया है। फिलहाल पुलिस मामले की गहन जांच कर रही है।