अनाज मंडी में मार्केट कमेटी द्वारा किसानों के लिए बनाया गया विश्राम गृह कृषि विभाग के कब्जे में है। कृषि विभाग ने यहां अपना उपमंडलीय कार्यालय बनाया हुआ है। इसकी वजह से फसल बेचने आने वाले किसानों को कई प्रकार की समस्याओं से गुजरना पड़ता है।
शहर की जिला स्तरीय मंडी में दूरदराज से किसान अपनी फसलों को बेचने के लिए आते हैं। किसानों को कई बार अपनी फसल बिकने का इंतजार करते हुए रात को भी ठहरना पड़ता है। ऐसे में किसानों को परेशानी न हो, इसलिए मार्केट कमेटी का कार्यालय बनने के साथ ही किसान विश्राम गृह बनाया गया था, लेकिन जब से यह विश्राम गृह बना है, तभी से ही यहां कृषि विभाग ने अपना उप-मंडलीय कार्यालय खोला हुआ है। इसके चलते यहां किसानों को ठहरने या विश्राम करने के लिए कोई जगह नहीं मिलती है।
यदि किसानों की फसल किसी कारण से नहीं बिकती है तो उन्हें या तो आढ़ती की दुकान में आराम करना पड़ता है या फिर यहां-वहां भटकते हुए रात काटनी पड़ती है। राम सिंह, श्यामबीर, भगत सिंह, देशराज व किशन सिंह आदि किसानों का कहना है जिले के अधिकांश कार्यालय तो लघु सचिवालय में स्थापित हो चुके हैं। किसानों की समस्या को देखते हुए इस कार्यालय को भी वहीं स्थानांतरित करा देना चाहिए।
-इस बारे में कई बार मार्केट कमेटी के हेड ऑफिस पंचकूला को लिखा गया है। अब भी इस बारे में पत्राचार किया जा रहा है। मार्केट कमेटी का पूरा प्रयास है कि किसान विश्राम गृह को किसानों के लिए खाली कराया जाए, जिससे फसल बेचने के दौरान किसानों को कोई परेशानी न हो।
-नरबीर सिंह, मंडी सुपरवाइजर।
...