रोशन लाल शर्मा
होडल। स्वास्थ्य सेवाओं के दावे तो बहुत हो रहे हैं, लेकिन हकीकत देखनी है तो पलवल जिले के हसनपुर क्षेत्र में आकर देखें। यहां लोग स्वास्थ्य सेवाओं के अभाव में दम तोड़ रहे हैं। बृज के इस क्षेत्र में यमुना से लगते हसनपुर ही नहीं आसपास के सैकड़ों गांव ऐसे हैं, जहां लोगों को बिल्कुल भी स्वास्थ्य लाभ नहीं मिल रहा है। मजबूरी में लोगों को झोलाछाप डॉक्टरों से दवाएं लेकर घरों में इलाज कराने को मजबूर होना पड़ रहा है। ऐसे में गांवों में कोरोना से मरने वालों का आंकड़ा बढ़ रहा है, लेकिन इसकी परवाह किसी को नहीं है। मुख्यमंत्री के ट्विटर हैंडल पर हसनपुर के लोगों ने स्वास्थ्य केंद्र के जर्जर भवन को दुरुस्त करा ं डॉक्टर व सुविधाएं उपलब्ध कराने की मांग की है।
यहां के लोग अधिकारियों व राजनीतिक दलों के नेताओं से कई बार कर चुके हैं, लेकिन उसके बाद भी कोई घ्यान नहीं दिया जा रहा है। मंगलवार को भी उपायुक्त द्वारा स्वास्थ्य सुविधाओं का जायजा लेने के लिए जब प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र का जायजा लिया गया तो वहां कार्यरत स्वास्थ्य कर्मचारियों ने उपायुक्त से अस्पताल के जर्जर भवन को दुरुस्त कराने की गुहार लगाई। स्वास्थ्य कर्मियों व लोगों का कहना था कि भवन की हालत इतनी जर्जर है कि कोरोना से पहले यह भवन किसी की भी जान ले सकता है। एक तरफ स्टाफ की कमीं दूसरी तरफ स्वास्थ्य केंद्र के जर्जर भवन । जिला मुख्यालय से हसनपुर की दूरी करीब 30 किलोमीटर है तो होडल से हसनपुर की दूरी करीब 20 किलोमीटर है, यमुना खादर की एक लाख से अधिक आबादी क्षेत्र में चिकित्सा सुविधाओं का अभाव देखते हुए यहां प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर बनाया था। मगर कई वर्षों से इस सेंटर में कोई खास सुधार नहीं हुआ है।
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क्या कहते है ग्रामीण
स्वास्थ्य केंद्र के जर्जर भवन में जरूरी उपकरण नही होने के कारण आम लोग व आर्थिक रूप के कमजोर लोगों को खासी परेशानी उठानी पड़ रही । सरकार को इस तरफ ध्यान देना चाहिए। लोगों को झोलाछाप उॉक्टरों का सहारा लेना पड़ रहा है।
-केपी अग्रवाल, सेवानिवृत्त बैंक अधिकारी
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बृज क्षेत्र के प्रदेश के आखिरी गांव हसनपुर में सरकार की तरफ कोई ध्यान नही है। महामारी में लोग जान गवां रहे हैं। यदि सरकार व प्रशासन का ध्यान ऐसा रहा तो महामारी विकराल रूप ले सकती है
-तुहीराम, पंचायत सदस्य
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गांव में कोविड की वजह से आधा दर्जन लोग मर चुके हैं, लेकिन सरकार की स्वास्थ्य सेवा पूरी तरह से फेल हो रही है। ग्राम पंचायत द्वारा स्वास्थ्य केंद्र में लाखों रुपये की लागत से चारदीवारी व अन्य कार्य करवाए जा हैं। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र का दर्जा बढ़ाने व नए भवन का निर्माण करने की मांग गत वर्ष मुख्यमंत्री मनोहर लाल व केंद्रीय राज्यमंत्री कृष्णपाल गुर्जर के सामने भी रखी थी।
-संदीप मंगला, सरपंच हसनपुर
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नया भवन जल्द बनाया जाएगा
प्राथमिक स्वास्थ्य के भवन का नए सिरे से निर्माण कराया जाएगा। इसके लिए सरकार के पास प्रस्ताव भेजा हुआ है। जल्द भवन का निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा। फिलहाल वहीं लोगों को स्वास्थ्य सुविधाएं दी जा रही हैं। डॉक्टरों के द्वारा कोरोना संक्रमण से बचाव के लिए लोगों को हर तरह की सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैँ।
-डॉ. ब्रह्मदीप सिंह, सिविल सर्जन पलवल