संवाद न्यूज एजेंसी
पुन्हाना। वर्षों से शिक्षा विभाग में सेवाएं दे रहे अतिथि अध्यापकों को नियमित करने के मामले में सरकार की कथित ढिलाई से प्रदेशभर के अध्यापकों में रोष है। संयुक्त अतिथि अध्यापक मोर्चा, हरियाणा ने मांगों को लेकर 25 अक्तूबर को कुरुक्षेत्र में महारैली करने का निर्णय लिया है। महारैली के बाद चंडीगढ़ तक न्याय यात्रा निकाली जाएगी। इस दौरान राज्यपाल को ज्ञापन सौंपकर नियमितीकरण सहित अन्य लंबित मांगों के समाधान की मांग की जाएगी।
संयुक्त अतिथि अध्यापक मोर्चा, हरियाणा के प्रदेश प्रवक्ता सतीश यादव ने बताया कि अतिथि अध्यापक लंबे समय से प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था में अपनी सेवाएं दे रहे हैं, लेकिन इसके बावजूद उनके भविष्य और रोजगार की सुरक्षा को लेकर सरकार की ओर से ठोस कदम नहीं उठाए जा रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि कोर्ट के आदेशों के बावजूद अतिथि अध्यापकों के नियमितीकरण के मामले में सरकार गंभीरता नहीं दिखा रही है। बार-बार आश्वासन मिलने के बावजूद मांगों का समाधान नहीं होने से अध्यापकों में निराशा बढ़ रही है।
सतीश यादव ने कहा कि अतिथि अध्यापक अपने अधिकारों के लिए लंबे समय से संघर्ष कर रहे हैं। अब सरकार का ध्यान मांगों की ओर आकर्षित करने और न्याय की मांग को मजबूती से उठाने के लिए प्रदेशव्यापी आंदोलन किया जाएगा। 25 अक्टूबर को कुरुक्षेत्र में होने वाली महारैली में प्रदेशभर के अतिथि अध्यापक एकत्रित होंगे। इसके बाद चंडीगढ़ तक न्याय यात्रा निकालकर राज्यपाल को ज्ञापन सौंपा जाएगा। उन्होंने प्रदेश के सभी अतिथि अध्यापकों से महारैली में अधिक से अधिक संख्या में पहुंचने की अपील की। उन्होंने कहा कि नियमितीकरण सहित लंबित मांगों का समाधान होने तक अतिथि अध्यापक अपने अधिकारों की आवाज उठाते रहेंगे।