फसल नहीं होने से बिगड़ रही किसानों की आर्थिक स्थिति, बढ़ता जा रहा कर्ज का बोझ
संवाद न्यूज एजेंसी
नूंह। जिले के निजामपुर मरोड़ा गांव में जलभराव की समस्या किसानों के लिए लगातार मुसीबत बनी हुई है। किसानों का आरोप है कि करीब तीन वर्षों से खेतों में पानी जमा है, जिसके चलते लगातार तीन फसल सीजन से वे खेती नहीं कर पा रहे हैं। फसल नहीं होने से किसानों की आर्थिक स्थिति बिगड़ रही है और कर्ज का बोझ बढ़ता जा रहा है।
किसानों का कहना है कि उन्होंने पिछले वर्ष जिला प्रशासन और संबंधित विभागों को लिखित शिकायत देकर खेतों से पानी निकासी का स्थायी प्रबंध, विशेष गिरदावरी और फसल खराब होने का मुआवजा देने की मांग की थी। इसके बावजूद समस्या जस की तस बनी हुई है।
ग्रामीणों ने कहा कि चुनाव के दौरान नेता किसानों की समस्याएं सुनने और समाधान के बड़े-बड़े वादे करते हैं, लेकिन चुनाव के बाद कोई सुध लेने नहीं आता। ब्लॉक समिति सदस्य शौकत हुसैन, मास्टर वाजिद, हाजी इलियास, रमजान, मुबारक, जाकिर हुसैन, आजाद खान सहित अन्य ग्रामीणों ने प्रशासन से मौके का निरीक्षण कर पानी निकासी का स्थायी समाधान कराने और लंबित मुआवजा जल्द दिलाने की मांग की।
खंड एवं विकास पंचायत अधिकारी अंकित का कहना है कि मामले की जानकारी नहीं है। मौके पर टीम भेजकर जानकारी जुटाई जाएगी। अगर पानी भरा हुआ है तो निकासी कर समाधान कराया जाएगा।