संवाद न्यूज एजेंसी
पलवल। केंद्रीय ट्रेड यूनियनों के आह्वान पर जिले की सैकड़ों आशा वर्कर 10 अगस्त को अपनी मांगों को लेकर जिला मुख्यालय पर प्रदर्शन करते हुए जेल भरो आंदोलन में भाग लेंगी। इसकी घोषणा सोमवार को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र सोलड़ा, अलावलपुर और सिहौल में आयोजित बैठकों के दौरान यूनियन की जिला प्रधान जगबती डागर ने की। उन्होंने कहा कि आशा वर्कर्स पर लगातार काम का बोझ बढ़ाया जा रहा है, जबकि प्रोत्साहन राशि में कटौती की जा रही है। यूनियन ने आशा वर्कर्स को स्थायी कर्मचारी घोषित करने, 30 हजार न्यूनतम वेतन, केंद्र सरकार द्वारा घोषित 1500 की बढ़ोतरी लागू करने, हड़ताल अवधि का रोका गया मानदेय जारी करने, मातृत्व एवं मेडिकल अवकाश, सामाजिक सुरक्षा लाभ, सेवानिवृत्ति आयु 65 वर्ष करने सहित अन्य मांगें उठाईं। यूनियन नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि 28 जुलाई को स्वास्थ्य मंत्री के साथ हुई बैठक में बनी सहमति को लागू नहीं किया गया तो 10 अगस्त के जेल भरो आंदोलन को व्यापक बनाया जाएगा। साथ ही 16 अगस्त को फरीदाबाद में आशा वर्कर्स का राज्य स्तरीय सम्मेलन आयोजित किया जाएगा।