हथीन। हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड भिवानी द्वारा बारहवीं कक्षा के पेपर रद्द करने से गुस्साएं सैकड़ों विद्यार्थी बुधवार को सड़कों पर उतर आए।
उन्होंने पलवल- हथीन मार्ग पर जाम लगा दिया। सुबह नौ बजे लगाया गया जाम दोपहर बाद ढाई बजे खोला गया। जाम लगाने वाली छात्राओं का कहना था कि परीक्षा को बीते अरसा हो गया। वे दूसरे सेमेस्टर की तैयारियां कर रहीं हैं, ऐसे में बोर्ड ने अचानक कुछ सेंटरों के पेपरों को रद्द कर दिया। उन्होंने बताया कि वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल बाल के परीक्षा केंद्र बी वन पर इतिहास के पेपर को रद्द कर दिया। वरिष्ठ माध्यमिक गर्ल्स स्कूल के परीक्षा केंद्र बी वन पर फिजिक्स, इक्नोमिक्स, उर्दू व संस्कृत के पेपरों को रद्द कर दिया गया। जो उनके साथ भद्दा मजाक है। इसके अलावा रद्द किए गए पेपर दोबारा से दस दिसंबर के बाद होने हैं। प्रदर्शन करने वालों ने बताया कि दूसरे सेमेस्टर की परीक्षा के लिए केवल दो माह बचते हैं। छात्राएं इस बात पर अड़ी रही कि जब तक बोर्ड अपने फैसले को नहीं लेता तब तक जाम नहीं खोला जाएगा।
सूचना पाकर उपमंडल अधिकारी (ना.) एसके चहल, नायब तहसीलदार कंवल सिंह और सहायक जिला शिक्षा अधिकार रमेश चंद मौके पर पहुंच गए। उन्होंने विद्यार्थियों का गुस्सा देखकर स्कूल के शिक्षकों व अभिभावकों को बुलाया और इस बारे में जल्द से जल्द कोई न कोई हल निकालने का आश्वासन दिया। सहायक शिक्षा अधिकारी रमेश चंद का कहना था कि बच्चों की परीक्षा से संबंधित मांग को उपायुक्त के माध्यम से बोर्ड सचिव को भिजवाया जाएगा। जो भी फैसला होगा उसे परीक्षार्थियों को बता दिया जाएगा। इसके बाद रास्ता ट्रैफिक के लिए रास्ता खोल दिया गया।
चार घंटे तक बंद रहा हाईवे
स्कूल अध्यापकों के आश्वासन पर खोला जाम
होडल। आदर्श विद्या मंदिर में परीक्षाओं को रद्द करने के विरोध में बुधवार को विद्यार्थियों ने डबचिक पर्यटन केंद्र के पास हाईवे पर चार घंटे तक जाम लगा दिया। इस दौरान उन्होंने शिक्षा बोर्ड और शिक्षा विभाग के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। विद्यार्थियों ने बताया कि शिक्षा बोर्ड ने दो पेपरों को छोड़कर बाकी सब रद्द कर दिए। दिया। सूचना मिलते ही होडल थाना प्रभारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंच गए। विद्यार्थी शिक्षा बोर्ड के सचिव व जिला शिक्षा अधिकारी को मौके पर बुलाने की मांग पर अड़े रहे। कुछ देर के बाद तहसीलदार भूपेंद्र सिंह राव, नायब तहसीलदार नरेंद चपराना, एसडीएम डॉ. यश गर्ग मौके पर पहुंच। उन्होंने मौके पर ही स्कूल के अध्यापकों को बुलाया और विद्यार्थियों को समझाया। इसके बाद इस बारे में कोई न कोई समाधान निकालने का आश्वासन देकर जाम खुलवा लिया।
नोट:- इससे पूर्व सौन्हद गांव में भी परीक्षा रद्द होने पर लगाया था विद्यार्थियों ने 19 नवंबर को जाम