पीडब्ल्यूडी ने जारी किया टेंडर, काफी समय से लोगों को हो रही थी समस्या
37 करोड़ रुपये से होगा काम
संवाद न्यूज एजेंसी
पलवल। लंबे समय से टूटी और जर्जर सड़कों को दुरुस्त करने के लिए लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) ने कवायद शुरू कर दी है। विभाग की ओर से जिले की 19 सड़कों की मरम्मत के लिए करीब 37 करोड़ रुपये की लागत से टेंडर जारी किए गए हैं। टेंडर प्रक्रिया पूरी होने के बाद सड़कों की मरम्मत कराई जाएगी। सड़कों के दुरुस्त होने से वाहन चालकों को आवागमन में राहत मिलने की उम्मीद है।
पीडब्ल्यूडी के कार्यकारी अभियंता रितेश ने बताया कि जिले में लंबे समय से क्षतिग्रस्त और जर्जर सड़कों की पहचान कर उनकी मरम्मत कराने की प्रक्रिया शुरू की गई है। विभाग की ओर से 19 सड़कों को मरम्मत करने के लिए टेंडर जारी किए गए हैं। इन सड़कों की मरम्मत पर करीब 37 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।
इन सड़कों को बनाया जाएगा बेहतर
जिन 19 सड़कों की मरम्मत के लिए टेंडर जारी हुए हैं उनमें कुशक से हसनपुर, आलापुर से मोहना, खोखियाका से पुथली, होडल रेलवे स्टेशन से होडल, वहीन से सेवली जाने वाली समेत कई सड़कें शामिल हैं। इसके अलावा लिंक रोड से लोहागढ़, पलवल-घोड़ी रोड से सुजवारी-नंगला लखी रोड और चिरवाड़ी से अलावलपुर जाने वाली सड़कें भी इनमें शामिल है।
पृथला क्षेत्र में लिंक रोड से दादोता, बघौला से जनौली तथा दिल्ली-मथुरा रोड से मंडकोल वाया देवली रोड को भी दुरुस्त किया जाएगा। सड़कों की सूची में पृथला औद्योगिक क्षेत्र की कुछ सड़कें भी शामिल हैं।
लंबे समय से सड़कों के टूटे और जर्जर होने के कारण इन मार्गों से गुजरने वाले वाहन चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कई जगह सड़क की सतह खराब होने से वाहनों की रफ्तार प्रभावित होती है। औद्योगिक क्षेत्र में भारी वाहनों की आवाजाही अधिक होने के कारण खराब सड़कों से ट्रकों के रखरखाव और मरम्मत का खर्च भी बढ़ रहा था।
टेंडर प्रक्रिया पूरी होने के बाद संबंधित एजेंसी को कार्य सौंपा जाएगा। इसके बाद सड़कों की मरम्मत का कार्य शुरू कराया जाएगा। विभाग का प्रयास है कि निर्धारित प्रक्रिया के तहत कार्य पूरा कराकर सड़कों को आवागमन के लिए बेहतर बनाया जाए।
पृथला की सड़कों की मरम्मत की लंबे समय से थी मांग
पृथला औद्योगिक क्षेत्र के उद्यमियों की लंबे समय से मांग थी कि क्षेत्र की जर्जर सड़कों की मरम्मत कराई जाए। खराब सड़कों के कारण औद्योगिक क्षेत्र में आने-जाने वाले ट्रकों और अन्य भारी वाहनों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। उद्यमियों के अनुसार, सड़कों की खराब हालत के कारण ट्रकों के मेंटेनेंस पर होने वाला खर्च भी बढ़ रहा था।
कई बार सड़क पर बड़े गड्ढे होने के कारण उद्यमियों को अपने स्तर पर भी उन्हें भरवाना पड़ता था। उद्यमियों का कहना था कि सड़कें ठीक होने से न केवल आवागमन सुगम होगा, बल्कि वाहनों के मेंटेनेंस पर होने वाले अतिरिक्त खर्च में भी कमी आएगी। अब पृथला क्षेत्र की कुछ सड़कों को मरम्मत की सूची में शामिल किए जाने से उद्यमियों को राहत की उम्मीद है।
वर्जन
टेंडर प्रक्रिया पूरी होने के बाद संबंधित सड़कों की मरम्मत का कार्य शुरू कराया जाएगा। जर्जर सड़कों को दुरुस्त कर आवागमन को सुगम बनाने का प्रयास किया जा रहा है।
- रितेश, कार्यकारी अभियंता, पीडब्ल्यूडी