तूफान से चार गांवों में जनजीवन अस्त-व्यस्त
- धतीर, मंदपुरी, किशोरपुर और टहरकी में लोगों के मकान, टीन शेड और फसलों को हुआ नुकसान
- आयुक्त, उपायुक्त, पूर्व मंत्री तथा सीएम के राजनीतिक सचिव ने दिया लोगों को नुकसान की भरपाई का आश्वासन
अमर उजाला ब्यूरो
पलवल। जिले में चार गांवों धतीर, मंदपुरी, किशोरपुर व टहरकी में बृहस्पतिवार को आया तूफान लोगों के लिए संकट खड़ा कर गया। तूफान के कारण जहां इन गांवों में लोगों के मकान, टीन शेड आदि क्षतिग्रस्त हो गए, वहीं गाड़ियों के ऊपर पेड़ गिरने से भी उन्हें काफी नुकसान हुआ। किशोरपुर में फसलों को नुकसान हुआ है। इस तूफान के बाद चारों गांवों में जन व्यवस्थाएं पूरी तरह से ठप हो गई हैं। देर शाम से ही तूफान आने के बाद से बिजली तथा पेयजल व्यवस्था पूरी तरह से ठप हो गई है। जिससे लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। एक बार तो लोग शुक्रवार को सुबह पेयजल की व्यवस्था न होने पर रोड जाम करने को चल दिए। जिसे देख धतीर पुलिस चौकी प्रभारी ने लोगों को समझाया तथा जल्द पानी के टैंकर मंगाने का आश्वासन दिया।
वहीं पूर्व सिंचाई मंत्री हर्ष कुमार ने देर शाम को ही तूफान से हुए नुकसान की जानकारी मिलने पर प्रभावित चारों गांवों का दौरा किया तथा वहां स्थिति का जायजा लेने के बाद मुख्यमंत्री मनोहर लाल से बात की और प्रभावित लोगों के नुकसान का आंकलन करा मुआवजा देने की मांग की। जिसके बाद फरीदाबाद की आयुक्त डा. जी अनुपमा व उपायुक्त डा. मनीराम शर्मा प्रशासनिक टीम लेकर प्रभावित गांवों में पहुंचे तथा जायजा लेने के बाद लोगों की समस्या सुनी। उन्होंने लोगों को आश्वासन दिया कि जल्द ही इस नुकसान की भरपाई कराने के लिए सरकार को लिखकर भेजा जाएगा तथा मुआवजा राशि दिलवाई जाएगी।
बिजली विभाग जुटा बिजली व्यवस्था सुधारने को
वहीं दूसरी ओर शुक्रवार को सुबह से ही बिजली विभाग के अधिकारी इन गांवों में तूफान के कारण टूटे बिजली के खंभों व ट्रांसफार्मरों के नुकसान की सूची बनाने में जुट गए हैं। उन्होंने बताया कि जल्द ही बिजली के खंभों को लगवाकर बिजली व्यवस्था दुरुस्त करा दिया जाएगा। उधर लोगों के गुस्से को देख तहसीलदार ने तुरंत गांवों में पेयजल व्यवस्था के लिए पानी के टैंकर मंगवा दिए, ताकि पानी की किल्लत न हो। उपायुक्त के आदेश के तुरंत बाद ही वन विभाग के अधिकारी टूटे पेड़ों को उठवाने में लग गए हैं। फिलहाल व्यवस्था पूरी तरह से ठप पड़ी है। आसपास के लोग व सामाजिक संगठनों के लोगों ने भी प्रभावित गांवों के लोगों की सहायता के लिए पहुंचाना शुरू कर दिया है।
मुस्लिम वेलफेयर एसोसिएशन के अध्यक्ष हाजी युनूस अहमद ने बताया कि मंदपुरी गांव में काफी गरीब लोगों का तूफान से नुकसान हुआ है। उनकी सहायता एसोसिएशन ने भी जाकर की है। उन्होंने भी मुआवजा देने की मांग की है। उधर पूर्व मंत्री सुभाष कत्याल, सीएम के राजनीतिक सचिव दीपक मंगला ने भी प्रभावित लोगों का हाल जाना तथा घायलों को अस्पताल जाकर देखा। मंगला ने आश्वासन दिया कि जल्द ही प्रभावित लोगों को मुआवजा दिलवाया जाएगा।
कई एकड़ में लगी सरसों, गेहूं की फसल हुई बर्बाद
ग्रामीण मनोहर ने बताया कि टहरकी में पेयजल, बिजली व्यवस्था पूरी तरह से ठप है। लोगों को परेशानी हो रही है तथा काफी नुकसान हुआ है। नुकसान की भरपाई जल्द कराई जाए। किशोरपुर में तूफान से फसलों को नुकसान हुआ है। कई एकड़ फसल नष्ट हो गई। किसान जयवीर ने बताया कि सात एकड़ में उसकी गेहूं की खड़ी फसल खराब हो गई है। वहीं किसान सुभाष ने बताया कि उसकी पांच एकड़ में खड़ी सरसों की फसल खत्म हो चुकी है। किसान मोहम्मद हनीफ का कहना है कि उसने 12 एकड़ में खरबूजा की फसल उगाई थी, जो पूरी तरह से खराब हो गई है। उसकी एक एकड़ की फसल पर 70 हजार रुपये की लागत आई थी, उसे भारी नुकसान हुआ है।