ओलंपियन पहलवान व जुलाना से कांग्रेस की विधायक विनेश फोगाट ने हाल ही में सोशल मीडिया पर जारी अपने संदेश में कहा कि वह बीते डेढ़ साल से कुश्ती अखाड़े से दूर थीं, लेकिन कुछ महीने पहले उन्होंने दोबारा अभ्यास शुरू किया है। विनेश फोगाट ने बताया कि वह पूरी निष्ठा, ईमानदारी और कठिन परिश्रम के साथ फिर से देश के लिए पदक जीतने और तिरंगे की शान बढ़ाने के लक्ष्य में जुटी हैं।
कुश्ती संघ और बृज भूषण पर लगाए बड़े आरोप
विनेश ने कुश्ती संघ द्वारा घोषित रैंकिंग प्रतियोगिता पर भी गंभीर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि यह प्रतियोगिता उत्तर प्रदेश में उस स्थान पर आयोजित की जा रही है, जहां बृज भूषण शरण सिंह का निजी शिक्षण संस्थान है। ऐसे स्थान पर मेहनत करने वाले खिलाड़ियों को उनका अधिकार मिलना बेहद कठिन है। उन्होंने आरोप लगाया कि किस मुकाबले में कौन निर्णायक होगा, किसे कितने अंक दिए जाएंगे और किस खिलाड़ी को जिताया या हराया जाएगा, इस पर प्रभाव डाला जा सकता है।
शारीरिक शोषण को लेकर किया बड़ा खुलासा
विनेश फोगाट ने कहा कि आज से तीन साल पहले हमने महिला खिलाड़ियों के शारीरिक शोषण के खिलाफ आवाज उठाई थी। उससे संबंधित केस कोर्ट में पेंडिंग है। 6 महिला खिलाड़ियों ने उसमें शिकायत और गवाही दी थी जिनमें से मैं बताना चाहती हूं कि मैं भी उनमें से एक विक्टिम हूं। उस केस में गवाहियां चल रही हैं। सुप्रीम कोर्ट की गाइडलाइन है कि किसी भी पीड़ित की पहचान को सार्वजनिक न किया जाए लेकिन आज कुछ मजबूरियों के चलते मैं अपना नाम सार्वजनिक कर रही हूं।