इनेलो नेता अभय चौटाला, अशोक अरोड़ा, प्रदीप चौधरी ने शुक्रवार को मुख्य संसदीय सचिव रामकिशन फौजी की सीएलयू के नाम पर पांच करोड़ रुपये मांगने की एक सीडी जारी की।
मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने फौरन फौजी से सीडी मामले में पूछताछ की। फौजी ने मुख्यमंत्री को बताया कि सीडी के साथ छेड़छाड़ हुई है।
अभय चौटाला ने शुक्रवार को मानसून सत्र शुरू होने से तीन घंटे पहले चंडीगढ़ में प्रेस कान्फ्रेंस कर सीडी जारी करते हुए दावा किया कि सीपीएस रामकिशन फौजी एक व्यक्ति को गुड़गांव में चार एकड़ जमीन पर होटल बनवाने के लिए चेंज आफ लैंड यूज (सीएलयू) कराने के बदले पांच करोड़ रुपये मांग रहे हैं।
जो सीडी बनाई गई है वह सीपीएस के पंचकूला सरकारी आवास की है। जब मानसून सत्र शुरू हुआ तो इनेलो विधायकों ने फौजी का नाम लिए बगैर सीडी की बात उठा दी। जिस पर जमकर हंगामा हुआ।
इनेलो नेताओं ने शुक्रवार शाम को राज्यपाल जगन्नाथ पहाड़िया को ज्ञापन सौंपकर मांग की कि रामकिशन फौजी को उनके पद से हटाया जाए।
उधर, मुख्यमंत्री ने विधानसभा की प्रेस लॉबी में पत्रकारों से बात करते हुए कहा, ‘मैंने फौजी से सीडी के बारे में पूछा था। फौजी ने मुझे कहा है कि सीडी के साथ छेड़छाड़ हो रखी है। मैंने फौजी से कहा है कि वे अपना बयान जारी करें।’
दलित नेताओं को बदनाम करने की साजिश : फौजी
फौजी ने शुक्रवार देर रात बयान जारी कर कहा कि यह सीडी फर्जी, झूठ का पुलिंदा और दलित नेताओं को बदनाम करने की साजिश है। इनेलो सोची-समझी साजिश के तहत घिनौना षडयंत्र कर रहा है।
इससे पहले भी चौटाला परिवार ने उन्हें 2011 में झूठा फंसाने का प्रयास किया था जिसका पर्दाफाश हो चुका है। इसके बावजूद वे तीन बार विधायक बन चुके हैं।
फौजी ने कहा कि सीडी के फर्जीवाड़े से साबित होता है कि सीडी का व्यक्ति चेहरा क्यों छिपा रहा है।
सीडी में अगर सच्चाई है तो व्यक्ति को सामने लाया जाए। सीडी में ढाई साल पुरानी तारीख दिखाई गई है। अब तक चौटाला परिवार इस सीडी का कर क्या रहा था। चौटाला परिवार फौरन इस घिनौनी साजिश के लिए माफी मांगे।