हरियाणा के नारनौंद से जजपा विधायक रामकुमार गौतम ने सदन में डिप्टी सीएम दुष्यंत चौटाला को निशाने पर लिया। डिप्टी सीएम को संबोधित करते हुए कहा, उन्हें और कहीं तो मौका मिलता नहीं, अब यहां तो अपनी बात कह ही सकते हैं। गौतम ने कहा कि नारनौंद हलके की सड़कें टूटी पड़ी हैं, हालात खराब हैं।
आप दोनों पिता-पुत्र ने वादा किया था कि वह नारनौंद को संभाल लेंगे, अब हालात बिगड़ रहे हैं, नारनौंद को संभाल सकते हो तो संभाल लो। गौतम ने नारनौंद से पूर्व विधायक और पूर्व मंत्री कैप्टन अभिमन्यु पर भी निशाना साधा। गौतम ने आरोप लगाया कि कैप्टन के समय में बनी सकड़ें, उनके समय में ही टूट गई थी।
अमित सिहाग बोले, चौटाला गांव से पांच विधायक, लेकिन गांव के हालात खस्ता
डबवाली से कांग्रेस के विधायक अमित सिहाग ने सदन में वीवीआईपी गांव चौटाला की दास्तां बयां की और यहां से चार अन्य विधायकों को भी निशाने पर लिया। उन्होंने कहा कि, बड़े दुभार्ग्य की बात है कि एक गांव से इतने विधायक होने के बावजूद यहां के हालात खराब हैं। यहां के अस्पताल में न महिला डाक्टर है और न ही रेडियोग्राफर। एक गर्भवती की मौत हो चुकी है, दूसरी गंभीर है। यहां पर 21 दिन से लोग धरना दे रहे हैं, लेकिन कोई सुनने वाला नहीं है। उन्होंने कहा कि गांव के हालात राजनीनितक कारण से गांव में सुधार नहीं किया जा रहा है।
फसल खराबे का पैसा प्रशासन के पास पहुंचा, किसान खा रहे धक्के : भव्य विशनोई
आदमपुर से पहली बार विधायक बने भव्य बिशनोई ने हलके के मुद्दे सदन में रखे। उन्होंने अपने दादा चौधरी भजन लाल का जिक्र करते हुए कहा कि पांच गांवों को उस समय बसाया गया था, लेकिन अभी तक उनको मालिकाना हक नहीं मिला है। उन्हें जल्द मालिकाना हक दिया जाए। इसके अलावा, खोले जाने वाले कालेज का नाम चौधरी भजन लाल के नाम पर रखा जाए। उन्होंने कहा कि बालसमंद समेत कई गांवों में खराब हुई फसलों का मुआवजा अभी तक नहीं मिला है। प्रशासन के पास 58 करोड़ रुपये की राशि भेजी जा चुकी है, लेकिन किसानों को यह राशि नहीं मिली है। हलके के कई गांवों में पीने के पानी की किल्लत है, उसका समाधान किया जाए।
कल्याण बोले, रोड़ बिरादरी बहुत सरीफ, सड़क को रोड न कहें
सदन में बार बार विधायकों द्वारा टूटी सड़कों का मुद्दा उठाया गया। अधिकतर सदस्यों ने सड़कों को टूटे रोड संबोधित किया। इस पर घरौंडा से भाजपा विधायक हरविंद्र कल्याण ने सदस्यों से अपील की कि वह वह सड़क को रोड न कहें, बल्कि सड़क ही कहें। क्योंकि रोड़ बिरादरी बहुत सरीफ है और इनको खराब न कहें। इसके बाद सदन में खूब ठहाके लगे।
नाराज अभय चौटाला को सीएम और विज ने दी बधाई
अपने ध्यानाकर्षण प्रस्ताव पर नाराज अभय चौटाला ने पहले गृह मंत्री अनिल विज ने दादा बनने की बधाई दी। बाद में जब अभय चौटाला सदन से वाकआउट करने लगे तो मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने चौटाला को बधाई दी।