हाल ही में इनेलो में शामिल हुए पूर्व मंत्री मांगेराम गुप्ता की अमर्यादित टिप्पणी ने सबको चकित कर दिया। रविवार को यहां अपने आवास पर आयोजित पत्रकार वार्ता में उन्होंने कहा कि अगर किसी व्यक्ति को जनसंख्या नियंत्रण की सीख लेनी है तो वह रोहतक के सांसद दीपेंद्र हुड्डा और कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव राहुल गांधी को अपना आदर्श बना सकता है।
गुप्ता कांग्रेस की आगामी 10 नवंबर को गोहाना में होने वाली शक्ति रैली के बारे में चुटकी लेते हुए कहा कि गोहाना की रैली में मुख्यमंत्री घोषणा कर सकते हैं कि प्रदेश सरकार विवाह आयोग का गठन करेगी।
इसका अध्यक्ष मुख्यमंत्री अपने सांसद बेटे दीपेंद्र हुड्डा को बनाएंगे। अब कोई और घोषणा होनी तो बाकी रही नहीं है। अब तो केवल यही घोषणा बची है कि प्रदेश सरकार विवाह आयोग बनाए।
अमर उजाला प्रतिनिधि ने मांगेराम गुप्ता से जब यह पूछा कि राजनीति व पारिवारिक बातें दोनों अलग-अलग मसले हैं तो उन्होंने दोहराया कि जो कहना था, कह दिया है।
उन्होंने कहा कि राहुल गांधी की उम्र 45 साल हो चुकी है लेकिन उन्होंने शादी नहीं की। राहुल गांधी कहते हैं कि वे शादी ठहरकर करेंगे। राहुल गांधी को दीपेंद्र हुड्डा की तरह शादी तो कर लेनी चाहिए लेकिन उनकी तरह परिवार नियोजन अपनाना चाहिए।
कांग्रेस ने की बयान की निंदा
प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रवक्ता कर्मबीर सैनी ने कहा कि विवाह-शादी, बाल-बच्चे व्यक्तिगत मामले होते हैं, राजनैतिक नहीं। पूर्व मंत्री मांगेराम गुप्ता ने सांसद दीपेंद्र हुड्डा व कांग्रेस महासचिव पर जो टिप्पणी पत्रकार वार्ता में की है।
इसकी पार्टी कड़ी निंदा करती है। अगर मांगेराम ने दोबारा से इस प्रकार की बयानबाजी की तो पार्टी इस पर कड़ा संज्ञान लेगी।
उन्होंने कहा कि राजनैतिक व सामाजिक दोनों अलग-अलग मुद्दे हैं। किसी भी राजनेता को किसी भी दूसरे दल के नेता को लेकर सामाजिक टिप्पणी नहीं करनी चाहिए। कल कांग्रेस मांगेराम गुप्ता के परिवार को लेकर टिप्पणी करेगी तो क्या मांगेराम उसे सहन कर पाएंगे।
बेहतर यही है कि गुप्ता एक वरिष्ठ नेता का प्रमाण देकर टिप्पणी पर माफी मांगे। वरना कांग्रेस भी इस मुद्दे पर चुप नहीं बैठेगी।