नारनौल। शहर स्थित नागरिक अस्पताल के पुराने भवन में सोमवार को बारिश के दौरान छत से पानी टपकने के कारण मरीजों और चिकित्सकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा। भवन में पानी भर जाने से करीब तीन घंटे तक ओपीडी प्रभावित रही।
अस्पताल के जर्जर पुराने भवन की मरम्मत का कार्य गत अक्तूबर में शुरू किया गया था लेकिन 6 माह से कार्य रुका हुआ है। मरम्मत के दौरान छत पर बने रोशनदान को अस्थायी रूप से कांच और प्लाई लगाकर ढका गया था। तेज बारिश के दौरान इसी रोशनदान से पानी रिसने लगा, जिससे अस्पताल परिसर और चिकित्सक कक्षों में पानी भर गया।
सुबह अस्पताल पहुंचने पर मरीजों और चिकित्सकों ने भवन के विभिन्न हिस्सों में पानी फैला हुआ देखा। इसके बाद सफाई कर्मचारियों ने तत्काल अभियान चलाकर परिसर और चिकित्सक कक्षों से पानी निकाला। रोशनदान को दोबारा अस्थायी रूप से ढकने का प्रयास किया गया लेकिन बारिश के दौरान लगातार पानी टपकता रहा।
अस्पताल प्रशासन को व्यवस्था सामान्य करने में करीब तीन घंटे का समय लगा। इस दौरान ओपीडी सेवाएं प्रभावित रहीं, जिससे उपचार के लिए पहुंचे मरीजों को इंतजार करना पड़ा। संवाद
मुख्य दरवाजे से भी टपकता रहा पानी
पुराने भवन में मरम्मत कार्य के दौरान सबसे अधिक समय प्रवेश द्वार के निर्माण कार्य पर लगा था जहां लाइट व फॉर सिलिंग का इस्तेमाल कर आकर्षक बनाया गया था। प्रवेश द्वार बनने के बाद पहली ही बारिश में पानी टपकना शुरू हो गया। सुबह से दोपहर तक हुई बारिश के दौरान प्रवेश द्वार से पानी टपकता रहा। वहीं गायनी वार्ड के बाहर भी बारिश का पानी जमा हो गया। इसकी वजह से गर्भवती महिलाओं के साथ आए परिजनों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
वर्जन :
पुराने भवन का मरम्मत कार्य पीडब्ल्यूडी की ओर से किया जा रहा है। मरम्मत कार्य पूरा नहीं होने के कारण समस्या बनी हुई है। बारिश से पहले मरम्मत कार्य को पूरा करने के लिए पत्र व अन्य माध्यम से पीडब्ल्यूडी अधिकारियों को कई बार अवगत करवाया जा चुका है। अभी तक कार्य शुरू नहीं किया गया है।-डॉ. विजय डबास, उप चिकित्सा अधीक्षक, नागरिक अस्पताल, नारनौल।