महेंद्रगढ़। मौसम विभाग की चेतावनी के बाद किसानों के माथे पर चिंता की लकीरें खिंच गई हैं। देर रात आठ बजे से बूंदाबांदी शुरू हो गई है।
इस समय जिले में 241225 एकड़ में सरसों की फसल पककर तैयार खड़ी है। ऐसे में बारिश होने से सरसों की फसल में नुकसान की आशंका ने किसानों की परेशानी बढ़ा दी है। जिले में इस बार क्षेत्र में रबी सीजन की दूसरी प्रमुख फसल गेहूं का रकबा 97120 एकड़ में है। गेहूं की बालियों में इस समय दाना पकाव की ओर होने से बालियों में वजन बढ़ रहा है। तेज हवा के साथ बूंदाबांदी से फसल गिरने का भय बना रहेगा। पककर तैयार खड़ी सरसों की अगेती फसल में नुकसान की आशंका रहेगी।
मौसम विभाग द्वारा आगामी तीन मार्च तक मौसम परिवर्तनशील रहने व कुछ स्थानों पर तेज हवाओं के बीच हल्की बारिश की संभावना जताई जा रही है। मौसम के बदलावों को ध्यान में रखते हुए कुछ किसानों की ओर से अगेती सरसों की कटाई का काम आरंभ कर दिया गया है।
यह है जिले में फसलों का रकबा
सरसों - 241225 एकड़
गेहूं - 97120 एकड़
चना - 16710 एकड़
जौ - 665 एकड़
मटर - 1227 एकड़
क्षेत्र में अब सरसों की फसल पकाई की ओर है। साथ ही गेहूं की फसल में बालियां बनने की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। ऐसे में तेज हवाओं के साथ बारिश होती है तो गेहूं की फसल के गिरने की संभावना रहेगी। हालांकि सरसों की पछेती फसल अभी हार्वेस्टिंग स्टेज पर है। हल्की बारिश से अधिक नुकसान की आशंका कम है।
डॉ. रमेश कुमार, वरिष्ठ संयोजक कृषि विज्ञान केंद्र महेंद्रगढ़।